भागलपुर के मशाकचक में नाला निर्माण पर छिड़ा रार; स्थानीय लोगों ने लगाया अनियमितता का आरोप, संवेदक ने दी सफाई
Bhagalpur : शहर के मशाकचक स्थित दुर्गाबाड़ी मोहल्ले में नाला निर्माण को लेकर विवाद गहरा गया है। स्थानीय निवासियों ने नगर निगम प्रशासन और मेयर को आवेदन देकर चल रहे निर्माण कार्य पर कड़ी आपत्ति जताई है। मोहल्ले वासियों का आरोप है कि यह नाला बिना किसी ठोस तकनीकी योजना के बनाया जा रहा है, जिससे क्षेत्र में जल निकासी सुधरने के बजाय भविष्य में जलजमाव की समस्या और भी विकराल हो सकती है। लोगों ने निर्माण कार्य को तत्काल रोककर इसकी समीक्षा करने की मांग की है।
घटिया निर्माण सामग्री के इस्तेमाल का आरोप
प्रदर्शन कर रहे स्थानीय लोगों का यह भी कहना है कि नाला निर्माण में प्रयुक्त होने वाली सामग्री की गुणवत्ता मानकों के अनुरूप नहीं है। उनका आरोप है कि निर्माण में 'गड़बड़' मटेरियल का उपयोग किया जा रहा है, जिससे नाले की उम्र और मजबूती पर सवाल खड़े हो रहे हैं। स्थानीय नागरिकों ने नगर निगम से अपील की है कि वे इस मामले पर संज्ञान लें और सुनिश्चित करें कि निर्माण कार्य सही ढंग से और पारदर्शी तरीके से कराया जाए, ताकि सरकारी पैसे का दुरुपयोग न हो।
संवेदक का पलटवार
दूसरी ओर, निर्माण कार्य करा रहे संवेदक पीयूष कुमार ने स्थानीय लोगों द्वारा लगाए गए सभी आरोपों को पूरी तरह निराधार बताया है। संवेदक ने स्पष्ट किया कि नाले का निर्माण नगर निगम से प्राप्त आधिकारिक वर्क ऑर्डर और निर्धारित तकनीकी मानकों के अनुसार ही किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि निर्माण में किसी भी प्रकार की अनियमितता नहीं बरती जा रही है और गुणवत्ता का पूरा ख्याल रखा जा रहा है।
विकास कार्य में बाधा डालने का आरोप; संवेदक ने जताई नाराजगी
संवेदक पीयूष कुमार ने कुछ स्थानीय लोगों पर बेवजह कार्य में बाधा डालने का आरोप भी लगाया है। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों को निजी स्वार्थ या बिना जानकारी के रोकना अनुचित है। उनके अनुसार, कुछ लोग विकास कार्य को बाधित करने की कोशिश कर रहे हैं, जबकि यह नाला मोहल्ले की भलाई के लिए बनाया जा रहा है। संवेदक ने प्रशासन से सुरक्षा और कार्य को निर्बाध रूप से पूरा करने में सहयोग की उम्मीद जताई है।
भविष्य में जलजमाव की चिंता
फिलहाल, दुर्गाबाड़ी मोहल्ले में तनाव की स्थिति बनी हुई है और निर्माण कार्य को लेकर संशय बरकरार है। मोहल्ले वासियों का तर्क है कि यदि अभी सही तरीके से निर्माण नहीं हुआ, तो आने वाले मानसून में पूरा इलाका नरक बन जाएगा। अब सबकी निगाहें नगर निगम प्रशासन और मेयर के अगले कदम पर टिकी हैं कि क्या वे इस मामले की जांच के लिए कोई तकनीकी टीम भेजते हैं या निर्माण कार्य इसी तरह जारी रहता है।
बालमुकुंद की रिपोर्ट