बिहार के 54 निजी ITI में एडमिशन पर रोक, 4523 सीटें होंगी खाली, जानें क्या है वजह
इस कार्रवाई के बाद ITI में प्रवेश लेने के इच्छुक विद्यार्थियों को संस्थान और ट्रेड का चयन करते समय सावधानी बरतनी चाहिए। दाखिला लेने से पहले संबंधित संस्थान की मान्यता, उपलब्ध सीटों और प्रवेश की स्थिति की आधिकारिक पुष्टि करना जरूरी है।
ITI : बिहार में औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों (ITI) में दाखिला लेने की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए बड़ी खबर है। केंद्र सरकार ने राज्य के 54 निजी ITI में शैक्षणिक सत्र 2026 के दौरान नामांकन पर रोक लगा दी है। इस कार्रवाई से संस्थानों की कुल 4,523 सीटों पर दाखिला नहीं हो सकेगा। शिक्षकों से संबंधित जानकारी निर्धारित समय में ऑनलाइन पोर्टल पर अपलोड नहीं करने के कारण यह कार्रवाई की गई है। इससे तकनीकी और व्यावसायिक प्रशिक्षण हासिल करने की तैयारी कर रहे हजारों छात्र-छात्राओं को झटका लगा है।
शिक्षकों की जानकारी अपलोड नहीं करने पर कार्रवाई
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, केंद्रीय कौशल विकास एवं उद्यमशीलता मंत्रालय के अधीन प्रशिक्षण महानिदेशालय (DGT) ने सभी संबंधित निजी ITI को अपने शिक्षकों का विवरण SIDH पोर्टल पर अपलोड करने का निर्देश दिया था। इसके लिए पहले 16 मई की समय-सीमा तय की गई थी, जिसे बाद में बढ़ाया गया। इसके बावजूद निर्धारित समय तक जानकारी अपलोड नहीं करने वाले संस्थानों पर कार्रवाई की गई।
इस फैसले के खिलाफ कुछ संस्थान संचालक दिल्ली हाईकोर्ट भी पहुंचे थे। हालांकि, रिपोर्ट के मुताबिक, अदालत ने प्रशिक्षण महानिदेशालय के निर्णय को सही ठहराया। इसके बाद संबंधित संस्थानों में नामांकन रोकने का फैसला लागू किया गया।
जुर्माना भरने के बाद भी इस साल नहीं मिलेगा दाखिला
रिपोर्ट के मुताबिक, संबंधित ITI संचालकों को शिक्षकों का विवरण अपलोड करने के लिए दिसंबर 2026 तक का समय दिया गया है। हालांकि, इसके लिए उन्हें प्रति ट्रेड या यूनिट अधिकतम 1.50 लाख रुपये तक का जुर्माना देना पड़ सकता है। जुर्माने की राशि पोर्टल पर विवरण अपलोड करने की अवधि के आधार पर निर्धारित की गई है। लेकिन राहत की बात यह नहीं है कि जुर्माना भरने के बाद भी इन संस्थानों में चालू शैक्षणिक सत्र के लिए दाखिला संभव हो जाएगा। नामांकन की निर्धारित अवधि समाप्त होने के कारण इस साल 4,523 सीटों पर प्रवेश नहीं हो सकेगा।
छात्रों के लिए क्या है जरूरी सलाह?
इस कार्रवाई के बाद ITI में प्रवेश लेने के इच्छुक विद्यार्थियों को संस्थान और ट्रेड का चयन करते समय सावधानी बरतनी चाहिए। दाखिला लेने से पहले संबंधित संस्थान की मान्यता, उपलब्ध सीटों और प्रवेश की स्थिति की आधिकारिक पुष्टि करना जरूरी है। छात्र प्रशिक्षण महानिदेशालय की वेबसाइट पर उपलब्ध संबद्धता एवं नामांकन संबंधी सूचनाएं देख सकते हैं। बिहार के रोजगार एवं प्रशिक्षण निदेशालय की वेबसाइट पर भी संबंधित सूचनाएं उपलब्ध हैं।
इस कार्रवाई का उद्देश्य ITI में प्रशिक्षकों से संबंधित रिकॉर्ड की पारदर्शिता और निर्धारित नियमों का पालन सुनिश्चित करना है। हालांकि, प्रभावित छात्रों के लिए सबसे बड़ा सवाल अब वैकल्पिक संस्थानों में प्रशिक्षण का अवसर तलाशना होगा।