सुपौल में दर्दनाक हादसा: बिजली करंट लगने से 22 वर्षीय युवक की मौत, परिवार में मातम
Supaul : जिले के भवानीपुर दक्षिण पंचायत के वार्ड संख्या-16 से एक बेहद दर्दनाक हादसा सामने आया है। यहां घर में गिरे बिजली के तार जिसमें करंट प्रवाहित हो रहा था की चपेट में आने से 22 वर्षीय युवक की अकाल मौत हो गई। मृतक की पहचान भवानीपुर दक्षिण पंचायत निवासी मोती पंडित के पुत्र अनिल पंडित के रूप में की गई है। इस हृदयविदारक घटना के बाद से पूरे गांव और आसपास के इलाके में मातम पसरा हुआ है।
अंधेरे में तार पर पड़ा पैर, अस्पताल में डॉक्टरों ने घोषित किया मृत
प्राप्त जानकारी के अनुसार, अनिल पंडित के घर के आंगन में बिजली का एक तार नीचे गिरा हुआ था। रात के समय अंधेरा अधिक होने के कारण अनिल की नजर जमीन पर पड़े उस तार पर नहीं पड़ सकी और अचानक उसका पैर तार के संपर्क में आ गया। तेज करंट लगते ही वह गंभीर रूप से झुलस कर अचेत हो गया। परिजन आनन-फानन में उसे इलाज के लिए प्रतापगंज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले गए, जहाँ जांच के बाद डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया।
परिवार में मचा कोहराम, सांत्वना देने पहुंचे ग्रामीण
युवक की अचानक मौत की खबर सुनते ही परिजनों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। अस्पताल परिसर से लेकर घर तक परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। घटना की सूचना जैसे-जैसे गांव में फैली, बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीण पीड़ित परिवार के घर जुटने लगे। शोक संतप्त माता-पिता और परिजनों को सांत्वना देने पहुंचे ग्रामीणों ने इस असामयिक मौत पर गहरा दुख प्रकट किया और पीड़ित परिवार को ढांढस बंधाया।
बिजली विभाग की लापरवाही पर ग्रामीणों में आक्रोश
इस दुखद घटना के बाद स्थानीय लोगों में जर्जर बिजली व्यवस्था और विभाग की अनदेखी को लेकर भारी चिंता और आक्रोश देखा जा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि गांव में खुले और टूटे हुए तारों की समय पर मरम्मत न होना आए दिन हादसों का कारण बनता है। रात के अंधेरे में ऐसे ढीले और गिरे हुए तार लोगों के लिए जानलेवा साबित हो रहे हैं, जिसके कारण इस तरह की अनहोनी घटनाएं घटित हो रही हैं।
बिजली तारों की मरम्मत और सुरक्षा व्यवस्था की मांग
इस हादसे ने ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली के तारों की सुरक्षा और विभागीय मेंटेनेंस पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय निवासियों ने विद्युत विभाग के अधिकारियों से मांग की है कि इलाके में लटके और क्षतिग्रस्त तारों को तत्काल दुरुस्त किया जाए। ग्रामीणों ने प्रशासन से पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता प्रदान करने और भविष्य में ऐसे हादसों की पुनरावृत्ति रोकने के लिए ठोस कदम उठाने की मांग की है।
विनय कुमार मिश्रा की रिपोर्ट