Mahashivratri 2026 : 'बिहार की काशी' अरेराज में उमड़ा आस्था का सैलाब, 1.5 लाख भक्तों ने किया जलाभिषेक

Mahashivratri 2026 : महाशिवरात्रि के मौके पर अरेराज में आस्था का सैलाब उमड़ पड़ा. जहाँ 1.5 लाख भक्तों ने जलाभिषेक किया.......पढ़िए आगे

Mahashivratri 2026 : 'बिहार की काशी' अरेराज में उमड़ा आस्था
अरेराज में उमड़ा जनसैलाब - फोटो : HIMANSHU

MOTIHARI : महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर बिहार के काशी के रूप में विख्यात मोतिहारी जिले के अरेराज स्थित ऐतिहासिक पंचमुखी सोमेश्वरनाथ महादेव मंदिर में श्रद्धा का जनसैलाब उमड़ पड़ा। शनिवार की देर रात से ही महादेव के दर्शन और जलाभिषेक के लिए भक्तों की कई किलोमीटर लंबी कतारें लग गईं। पूरा मंदिर परिसर और शिवनगरी 'हर-हर महादेव', 'ॐ नमः शिवाय' और 'बोलबम' के जयघोष से गुंजायमान रहा। श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए प्रशासन और मंदिर प्रबंधन ने शनिवार रात 1:30 बजे ही मंदिर के पट खोल दिए, जिसके बाद जलाभिषेक का सिलसिला अनवरत चलता रहा।

श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा के लिए प्रशासन द्वारा पुख्ता इंतजाम किए गए थे। कावरिया चौक से लेकर मंदिर परिसर तक महिला और पुरुष भक्तों के लिए अलग-अलग बैरिकेडिंग की गई थी। भीड़ के दबाव को कम करने के लिए अलग-अलग अर्घों के माध्यम से जलाभिषेक की व्यवस्था की गई। जैसे-जैसे दिन चढ़ा, भीड़ इतनी बढ़ गई कि उसे नियंत्रित करने में पुलिस और प्रशासन के पसीने छूट गए। नियंत्रण कक्ष से वरीय पदाधिकारियों द्वारा लगातार सीसीटीवी कैमरों के जरिए मेला क्षेत्र की निगरानी की जा रही थी और ड्यूटी पर तैनात दंडाधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए जा रहे थे।

इस पावन अवसर पर केवल बिहार ही नहीं, बल्कि पड़ोसी देश नेपाल और उत्तर प्रदेश सहित विभिन्न राज्यों से श्रद्धालु पहुंचे। कावरियों ने प्रयागराज, बक्सर, त्रिवेणी, डोरीगंज और पहलेजा से जलभरी कर पैदल यात्रा तय की और सोमेश्वरनाथ महादेव पर जल अर्पित किया। मन्नत पूरी होने पर कई भक्त शिव-पार्वती की 'पगड़ी' तानकर पूजा-अर्चना करते दिखे। इस दौरान प्रशासन के 'खोया-पाया कक्ष' ने भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, जहाँ माइक के जरिए घोषणा कर दर्जनों बिछड़े हुए बच्चों और बुजुर्गों को उनके परिजनों से मिलवाया गया।

दोपहर होते-होते श्रद्धालुओं की संख्या इतनी अधिक हो गई कि अरेराज के मुख्य चौक से लेकर एसडीओ आवास, मंदिर फुलवारी और हरदिया से योगियार मार्ग तक भारी जाम की स्थिति बनी रही। जाम के कारण कई श्रद्धालुओं को परेशानी का सामना करना पड़ा, लेकिन बाबा के दर्शन की ललक ने उन्हें थामे रखा। मंदिर प्रबंधन और प्रशासन के अनुमान के मुताबिक, देर शाम तक लगभग 1.5 लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने जलाभिषेक और पूजा-अर्चना की।

इस विशाल आयोजन को सफल बनाने और विधि व्यवस्था बनाए रखने के लिए मंदिर महंत सह महामंडलेश्वर रविशंकर गिरी, डीएसपी रंजन कुमार, सीओ उदय प्रताप सिंह, बीडीओ आदित्य दीक्षित, थाना अध्यक्ष प्रत्याशा कुमारी और आरओ सहित एनसीसी कैडेट और मंदिर प्रबंधन के कर्मी पूरी मुस्तैदी के साथ डटे रहे। प्रशासन की सतर्कता के कारण इतनी बड़ी भीड़ के बावजूद पूजा शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई।

हिमांशु की रिपोर्ट