DM-SSP का कड़ा रुख 'जीरो टॉलरेंस' प्लान,सारण में शराब माफियाओं की खैर नहीं, 15 दिनों में नष्ट होगी जब्त शराब

सारण जिले में शराब माफियाओं और अवैध कारोबार के खिलाफ प्रशासन की सख्त रणनीति पर DM-SSP का कड़ा रुख 'जीरो टॉलरेंस' प्लान

 DM-SSP का कड़ा रुख 'जीरो टॉलरेंस' प्लान,सारण में शराब माफिया

सारण के जिलाधिकारी वैभव श्रीवास्तव और वरीय पुलिस अधीक्षक विनीत कुमार ने जिले में मद्य निषेध कानून के प्रभावी क्रियान्वयन की समीक्षा करते हुए शराब माफियाओं के खिलाफ निर्णायक जंग का ऐलान किया है। अब केवल बड़े ठिकानों पर ही नहीं, बल्कि गांव-गांव में सघन छापेमारी अभियान चलाया जाएगा। इस अभियान की खास बात यह है कि पुलिस अब शराब बनाने वाले, बेचने वाले और पीने वाले, यानी पूरी चेन पर एक साथ कार्रवाई करेगी। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि अवैध नेटवर्क को ध्वस्त करने के लिए स्थानीय सूचना तंत्र को मजबूत किया जाएगा।

पंचायत स्तर पर अधिकारियों की जवाबदेही

प्रशासन ने सूचना संकलन (Intelligence Gathering) के लिए एक नई विकेंद्रीकृत व्यवस्था लागू की है। अब थाना स्तर पर अलग-अलग पुलिस अधिकारियों और जवानों को विशिष्ट पंचायतों की जिम्मेदारी सौंपी गई है। ये अधिकारी अपने क्षेत्र के स्थानीय जनप्रतिनिधियों, पीडीएस डीलर्स, जीविका दीदियों और आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं के साथ निरंतर समन्वय स्थापित करेंगे। इस जमीनी नेटवर्क के माध्यम से प्राप्त सूचनाओं के आधार पर त्वरित और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। साथ ही, मद्य निषेध की टीमें अब नियमित रूप से चौकीदारी परेड में शामिल होकर सूचनाओं की साझेदारी करेंगी।

जब्ती, विनष्टीकरण और सख्त कानूनी कार्रवाई

समीक्षा बैठक के दौरान कड़ी कानूनी कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। चिन्हित शराब कारोबारियों के विरुद्ध सीसीए (CCA) के तहत निरोधात्मक कार्रवाई का प्रस्ताव भेजने को कहा गया है। इसके अलावा, जब्त वाहनों के प्रबंधन के लिए सख्त समय-सीमा निर्धारित की गई है; 30 दिनों के भीतर वाहन अधिहरण का प्रस्ताव और 10 अप्रैल तक सभी लंबित वाहनों का मूल्यांकन पूरा करने का जिम्मा एमवीआई (MVI) को दिया गया है। शराब विनष्टीकरण की प्रक्रिया को भी तेज करते हुए जब्ती के 15 दिनों के भीतर इसकी औपचारिकताएं पूरी करने का आदेश थाना प्रभारियों को दिया गया है।

रिकॉर्ड छापेमारी और जन-जागरूकता पर जोर

बैठक में आंकड़ों के जरिए बताया गया कि बीते एक साल में जिले में 1.24 लाख से अधिक छापेमारी की गई, जिसमें 11,339 लोगों की गिरफ्तारी और 5.87 लाख लीटर से अधिक अवैध शराब की बरामदगी हुई। वर्ष 2026 के शुरुआती तीन महीनों में भी अब तक 1.5 लाख लीटर से अधिक शराब जब्त की जा चुकी है। केवल कार्रवाई ही नहीं, बल्कि सामाजिक बदलाव के लिए जीविका के माध्यम से 'जनचौपाल' लगाकर लोगों को जागरूक करने का भी निर्देश दिया गया है। इस उच्च स्तरीय बैठक में जिले के सभी अनुमंडल पदाधिकारी, डीएसपी और उत्पाद विभाग के अधिकारी मौजूद थे।

रिपोर्ट - संजय भारद्वाज, छपरा