west bengal assembly election 2026: बंगाल में बड़ा चुनावी फैसला! फाल्टा के सभी 285 बूथों पर री-पोल

west bengal assembly election 2026: पश्चिम बंगाल के फाल्टा विधानसभा में सभी 285 बूथों पर दोबारा वोटिंग का फैसला लिया गया है। यह मतदान 21 मई को सुबह 7 बजे से शाम 6 बजे तक होगा।

west bengal assembly election 2026
फाल्टा सीट पर बड़ा एक्शन!- फोटो : social media

west bengal assembly election 2026: पश्चिम बंगाल के फाल्टा विधानसभा क्षेत्र में चुनाव आयोग ने एक बड़ा और अहम फैसला लिया है। यहां अब सभी मतदान केंद्रों पर दोबारा वोटिंग कराई जाएगी। यह फैसला इसलिए खास माना जा रहा है क्योंकि आमतौर पर कुछ बूथों पर ही दोबारा मतदान होता है, लेकिन इस बार पूरे विधानसभा क्षेत्र में फिर से वोट डाले जाएंगे।

चुनाव आयोग के अनुसार, फाल्टा विधानसभा क्षेत्र के सभी 285 मतदान केंद्रों पर नए सिरे से मतदान होगा। इसके साथ ही सभी सहायक मतदान केंद्रों पर भी दोबारा वोटिंग कराई जाएगी। यह मतदान 21 मई को सुबह 7 बजे से शाम 6 बजे तक होगा। वहीं, वोटों की गिनती 24 मई को की जाएगी। इस वजह से फाल्टा सीट के नतीजे 4 मई को आने वाले बाकी 293 सीटों के नतीजों के साथ घोषित नहीं किए जाएंगे।

फाल्टा में दूसरे चरण के दौरान मतदान

दरअसल, फाल्टा में 29 अप्रैल को दूसरे चरण के दौरान मतदान हुआ था। उसी दिन कई जगहों से शिकायतें सामने आई थीं। आरोप लगाए गए कि कुछ बूथों पर वोटिंग प्रक्रिया में रुकावट डाली गई। यह भी कहा गया कि इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन यानी EVM पर स्टिकर चिपकाए गए थे। इसके अलावा कई लोगों ने शिकायत की कि उन्हें वोट डालने से रोका गया। इन घटनाओं के बाद फाल्टा में दोबारा चुनाव कराने की मांग तेज हो गई थी। मतदान के अगले दिन कई जगहों पर लोगों ने सड़क जाम भी किया और विरोध जताया। लोगों का कहना था कि उन्हें अपने वोट देने का अधिकार नहीं मिला।

चुनाव आयोग ने शिकायतों को गंभीरता से लिया

चुनाव आयोग ने इन सभी शिकायतों को गंभीरता से लिया। राज्य के विशेष रोल पर्यवेक्षक सुब्रत गुप्ता ने बताया कि आयोग को कई शिकायतें मिली थीं। इनकी जांच की गई और CCTV फुटेज को भी ध्यान से देखा गया। जांच के बाद आयोग ने यह फैसला लिया कि पूरे फाल्टा क्षेत्र में फिर से मतदान कराया जाएगा। इस बीच एक और मामला सामने आया, जिसमें आरोप लगाया गया कि तृणमूल कांग्रेस के उम्मीदवार जहांगीर खान के करीबी लोगों ने गांव वालों को धमकाया। कहा गया कि अगर उन्होंने बीजेपी को वोट दिया तो उन्हें और उनके परिवार को नुकसान उठाना पड़ेगा। इस पर चुनाव आयोग ने डायमंड हार्बर जिला पुलिस को तुरंत FIR दर्ज करने का आदेश दिया। चुनाव आयोग ने पुलिस को चेतावनी भी दी कि अगर उन्होंने निर्देशों का पालन नहीं किया, तो संबंधित अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।

फाल्टा सीट चर्चा में क्यों आई

ध्यान देने वाली बात यह है कि मतदान से पहले ही फाल्टा सीट चर्चा में आ गई थी। इसकी वजह उम्मीदवार जहांगीर खान और चुनाव आयोग द्वारा नियुक्त पुलिस पर्यवेक्षक अजय पाल शर्मा के बीच हुई बातचीत थी। मतदान के दिन भी फाल्टा और आसपास के इलाकों से हिंसा और तनाव की खबरें आई थीं। पश्चिम बंगाल में इस बार विधानसभा चुनाव दो चरणों में हुए थे, 23 अप्रैल और 29 अप्रैल को। बाकी सभी सीटों के नतीजे 4 मई को घोषित किए जाएंगे, लेकिन फाल्टा का रिजल्ट बाद में आएगा।यह पूरा मामला दिखाता है कि चुनाव आयोग इस बार किसी भी तरह की गड़बड़ी को नजरअंदाज नहीं करना चाहता और निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करने के लिए सख्त कदम उठा रहा है।