Bharat Taxi: ओला-उबर का खेल खत्म! आज से सड़कों पर दौड़ेंगी 'भारत टैक्सियां', जानिए कैसे बुक करें अपनी पहली सस्ती सवारी

Bharat Taxi: भारत टैक्सी ऐप पारंपरिक एग्रीगेटर मॉडल से अलग ड्राइवर-ओनरशिप मॉडल पर काम करेगा। इसमें ड्राइवरों को सहकारी संस्था का सदस्य बनाया जाएगा और उन्हें 5 शेयर दिए जाएंगे, जिससे वे इस प्लेटफॉर्म के सह-मालिक बनेंगे।

भारत टैक्सी ऐप
भारत टैक्सी ऐप आज से शुरु - फोटो : social media

Bharat Taxi:  भारत के सड़कों पर अब भारत टैक्सी की बादशाहत कायम होगी। ओला और उबर की अब मनमानी खत्म होने वाली है। आज यानी 5 फरवरी से देश की पहली को-ऑपरेटिव टैक्सी सर्विस ‘भारत टैक्सी ऐप’ आज लॉन्च होने जा रही है। भारत टैक्सी सीधे विदेशी कंपनियों के एकाधिकार को चुनौती देगी और साथ ही आम लोगों को राहत देगी। यात्रियों को सबसे बड़ी राहत देते हुए इस स्वदेशी सर्विस ने न केवल 30% सस्ता किराया देने का वादा किया है, बल्कि सबसे बड़ी मुसीबत यानी 'सर्ज प्राइसिंग' (Surge Pricing) को भी पूरी तरह खत्म कर दिया है। अब बारिश हो या ऑफिस का पीक आवर, आपको अपनी जेब ढीली नहीं करनी पड़ेगी। आइए जानते हैं, कैसे भारत टैक्सी का यह मॉडल ओला-उबर की छुट्टी करने वाला है और आप इसका लाभ कैसे उठा सकते हैं।

आज से शुरु होगा भारत टैक्सी 

जानकारी अनुसार केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह विज्ञान भवन में आयोजित एक समारोह में इस ऐप का औपचारिक शुभारंभ करेंगे। ड्राइवर-ओनरशिप मॉडल पर आधारित यह ऐप शुरुआत में दिल्ली-एनसीआर में सेवाएं देगा, जिसके बाद इसे चरणबद्ध तरीके से मुंबई, बेंगलुरु, चेन्नई समेत देश के अन्य प्रमुख शहरों में शुरू किया जाएगा।

30 प्रतिशत सस्ता 

‘भारत टैक्सी’ को ओला, उबर और रैपिडो जैसे निजी एग्रीगेटर्स के विकल्प के तौर पर पेश किया जा रहा है। इस सेवा की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसमें ड्राइवरों से किसी भी तरह का कमीशन नहीं लिया जाएगा और राइड से मिलने वाली पूरी राशि सीधे ड्राइवर को मिलेगी। कंपनी का दावा है कि इसका किराया प्राइवेट टैक्सी सेवाओं की तुलना में 30 प्रतिशत तक सस्ता होगा।

ड्राइवर-ओनरशिप मॉडल पर आधारित प्लेटफॉर्म

भारत टैक्सी ऐप पारंपरिक एग्रीगेटर मॉडल से अलग ड्राइवर-ओनरशिप मॉडल पर काम करेगा। इसमें ड्राइवरों को सहकारी संस्था का सदस्य बनाया जाएगा और उन्हें 5 शेयर दिए जाएंगे, जिससे वे इस प्लेटफॉर्म के सह-मालिक बनेंगे। ड्राइवरों को केवल एक न्यूनतम मेंबरशिप फीस देनी होगी, जिसे वे डेली, वीकली या मंथली आधार पर जमा कर सकते हैं। इस ऐप में सर्ज प्राइसिंग का कोई प्रावधान नहीं रखा गया है। यानी बारिश, ट्रैफिक या अधिक मांग के समय भी यात्रियों से तय और पारदर्शी किराया ही वसूला जाएगा। यात्री बाइक, ऑटो और कार जैसे विकल्पों में से अपनी जरूरत के अनुसार सफर चुन सकेंगे।

ड्राइवरों को मिलेगा बीमा और आर्थिक सुरक्षा

भारत टैक्सी को केवल एक ट्रांसपोर्ट ऐप नहीं, बल्कि ड्राइवरों के लिए सामाजिक सुरक्षा कवच के तौर पर पेश किया गया है। प्लेटफॉर्म से जुड़ने वाले हर ड्राइवर को 5 लाख रुपये का व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा और 5 लाख रुपये का पारिवारिक स्वास्थ्य बीमा दिया जाएगा। इसके अलावा, मल्टी-स्टेट कोऑपरेटिव सोसाइटीज एक्ट के तहत संचालित होने के कारण भविष्य में ड्राइवरों को आसान किस्तों पर लोन की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी, जिससे वे अपनी खुद की गाड़ियां खरीद सकेंगे।

तेजी से बढ़ता नेटवर्क

6 जून 2025 को स्थापना के बाद से अब तक भारत टैक्सी प्लेटफॉर्म से 3 लाख से अधिक ड्राइवर जुड़ चुके हैं, जबकि 1 लाख से ज्यादा यूजर्स पहले ही रजिस्ट्रेशन करा चुके हैं। सरकार और सहकारिता क्षेत्र के सहयोग से इस पहल को देश में रोजगार और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।