BPSC AEDO परीक्षा धांधली का मुख्य आरोपी सतीश यादव गिरफ्तार; नेपाल-असम भागने के बाद पटना में दबोचा गया

BPSC द्वारा अप्रैल 2026 में आयोजित AEDO परीक्षा में हुई व्यापक धांधली के मामले में EOU को बड़ी सफलता मिली है। ईओयू की विशेष टीम ने मामले के मुख्य आरोपियों में से एक सतीश कुमार को गिरफ्तार कर लिया है......

BPSC AEDO परीक्षा धांधली का मुख्य आरोपी सतीश यादव गिरफ्तार;
AEDO परीक्षा धांधली का मुख्य आरोपी सतीश यादव गिरफ्तार- फोटो : अनिल कुमार

Patna : बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) द्वारा अप्रैल 2026 में आयोजित सहायक शिक्षा विकास पदाधिकारी (AEDO) परीक्षा में हुई व्यापक धांधली के मामले में आर्थिक अपराध इकाई (EOU) को बड़ी सफलता मिली है। ईओयू की विशेष टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए मामले के मुख्य आरोपियों में से एक सतीश कुमार यादव, पिता- विजय यादव, निवासी नियजीपुर, थाना- तिलक राय का हाता, जिला- बक्सर को गर्दनीबाग थाना क्षेत्र स्थित शिवपुरी पार्क के पास से गिरफ्तार कर लिया है। इस परीक्षा में अनियमितता को लेकर ईओयू द्वारा कुल 4 कांडों का अनुसंधान किया जा रहा है।


बायोमीट्रिक उपस्थिति की आड़ में रचा गया था षड्यंत्र 

जांच में खुलासा हुआ है कि आरोपी सतीश कुमार यादव ने पटना जिले के लगभग 10 परीक्षा केंद्रों पर अभ्यर्थियों की बायोमीट्रिक उपस्थिति दर्ज कराने का जिम्मा 'मेसर्स साई एजुकेयर प्रा. लि.' के वेंडर्स के साथ एकरारनामा करके लिया था। इसके बाद उसने योजनाबद्ध तरीके से इन केंद्रों पर अपने ही गिरोह के लड़कों को बायोमीट्रिक सुपरवाइजर और ऑपरेटर के रूप में तैनात कर दिया। परीक्षा शुरू होते ही केंद्रों पर मौजूद अपने कर्मियों के माध्यम से उसने प्रश्नपत्र हासिल कर लिए।


बेउर स्थित परीक्षा केंद्र से संचालित हो रहा था सॉल्वर गैंग 

प्रश्नपत्र लीक करने के बाद सतीश यादव ने अपने सहयोगियों सरोज महतो और सरफराज आलम की मदद से सॉल्वरों के जरिए उत्तर कुंजी (Answer Key) तैयार करवाई। जांच में पाया गया कि प्रश्नपत्रों को मुख्य रूप से पटना के बेउर (70 फीट रोड) स्थित 'RKR Solutions Pvt. Ltd.' नामक ऑनलाइन परीक्षा केंद्र में हल किया जाता था, जिसका संचालन उसके सहयोगी सरफराज आलम और रमेश कुमार करते थे। तैयार उत्तर कुंजियों को पूर्व से सेट किए गए अभ्यर्थियों तक पहुंचाया जाता था।


यूपी सिपाही भर्ती लीक मामले में भी रहा है जेल में बंद 

एईडीओ परीक्षा में नाम आने के बाद आरोपी सतीश गिरफ्तारी से बचने के लिए लगातार ठिकाने बदल रहा था। वह पहले नेपाल और फिर असम भाग गया था। पुलिस के अनुसार, आरोपी का पुराना आपराधिक इतिहास रहा है। उसे वर्ष 2023 में उत्तर प्रदेश के इटावा जिले में हुई सिपाही भर्ती परीक्षा का प्रश्नपत्र लीक कराने के मामले में भी गिरफ्तार किया गया था, जहां वह लंबे समय तक जेल में बंद रहा था।


मुंगेर मामले में हुई गिरफ्तारी, अन्य कांडों में लिया जाएगा रिमांड पर 

फिलहाल सतीश कुमार यादव की गिरफ्तारी मुंगेर मुफस्सिल थाना कांड संख्या 0-177/26 में दर्शाई गई है। ईओयू अधिकारियों का कहना है कि उसकी गिरफ्तारी से सॉल्वर गैंग के अन्य सदस्यों और साक्ष्यों के संबंध में कई अहम खुलासे हुए हैं। भविष्य में उसे AEDO परीक्षा धांधली से जुड़े अन्य मामलों में भी रिमांड पर लिया जाएगा। फिलहाल इस पूरे नेटवर्क से जुड़े अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है।


अनिल की रिपोर्ट