Bihar Crime: मुजफ्फरपुर में जाली नोटों के काले कारोबार पर STF का शिकंजा, मो. साबिर समेत 6 तस्कर गिरफ्तार
Bihar Crime: मुजफ्फरपुर में जाली नोटों के नेटवर्क के खिलाफ बिहार एसटीएफ और जिला पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए अंतरजिला गिरोह का पर्दाफाश किया है।...
Bihar Crime: मुजफ्फरपुर में जाली नोटों के नेटवर्क के खिलाफ बिहार एसटीएफ और जिला पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए अंतरजिला गिरोह का पर्दाफाश किया है। 27 सितंबर 2026 की देर रात मोतीपुर थाना क्षेत्र में चलाए गए विशेष अभियान के दौरान पुलिस ने छह आरोपितों को गिरफ्तार किया। पुलिस के मुताबिक, गिरोह जाली भारतीय नोटों की खेप को अलग-अलग इलाकों में खपाने की फिराक में था। गुप्त सूचना मिलने के बाद एसटीएफ ने स्थानीय पुलिस के साथ मिलकर घेराबंदी की और कथित तस्करों को दबोच लिया।
गिरफ्तार आरोपितों की पहचान मो. साबिर, सुरेश राय, कृष्णा पटेल, राहुल सिंह, साधु साहनी और बीरेन्द्र पासवान के रूप में की गई है। पुलिस ने इनके कब्जे से 71,200 मूल्य के जाली भारतीय करेंसी नोट बरामद किए हैं। शुरुआती जांच में सामने आया है कि बरामद नोटों को असली करेंसी की तरह बाजार में चलाने की तैयारी थी। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि जाली नोटों की यह खेप गिरोह तक कैसे पहुंची और इसके पीछे कौन-कौन लोग सक्रिय हैं।
छापेमारी के दौरान पुलिस को बड़ी संख्या में ‘भारतीय मनोरंजन बैंक’ लिखे हुए नकली नोट भी मिले। ये नोट बच्चों के खेलने के लिए बनाए जाने वाले नोट बताए गए हैं। बरामद खेप में 500 रुपये के 1,311, 200 रुपये के 1,184 और 100 रुपये के 1,153 नोट शामिल हैं। इन नोटों की कुल अंकित राशि 1,07,600 बताई गई है। पुलिस को आशंका है कि ऐसे नोटों का इस्तेमाल लोगों को झांसा देने, असली नोटों की गड्डियों के बीच मिलाकर धोखाधड़ी करने या किसी अन्य आपराधिक गतिविधि में किया जा सकता था। हालांकि, इनके वास्तविक इस्तेमाल और गिरोह की पूरी कार्यप्रणाली का खुलासा विस्तृत जांच के बाद ही होगा।
पुलिस ने कार्रवाई के दौरान एक चारपहिया वाहन और छह मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं। मोबाइल फोन अब जांच का अहम जरिया बने हुए हैं। पुलिस इनके कॉल डिटेल रिकॉर्ड और अन्य उपलब्ध जानकारियों की पड़ताल कर रही है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि गिरोह का संपर्क बिहार के दूसरे जिलों के अलावा अन्य राज्यों अथवा सीमा से जुड़े किसी नेटवर्क से तो नहीं है।
पूछताछ में आरोपितों से जाली नोटों की सप्लाई चेन, खेप के स्रोत और संभावित खरीदारों के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि मुजफ्फरपुर और आसपास के किन इलाकों में जाली नोटों को खपाने की साजिश थी। फिलहाल छह आरोपितों की गिरफ्तारी के बाद पुलिस नेटवर्क की अगली कड़ी तक पहुंचने के लिए जांच का दायरा बढ़ा रही है। इस कार्रवाई को जाली नोटों के अवैध कारोबार के खिलाफ महत्वपूर्ण कार्रवाई माना जा रहा है।
रिपोर्ट- मणिभूषण शर्मा