Bihar Crime News: मासूमों के अपहरण का मास्टरमाइंड निकला मदरसा टीचर, 36 घंटे में पुलिस का शिकंजा, चार नाबालिग बच्चियां सकुशल बरामद
Bihar Crime News: जिस शख्स पर बच्चों को शिक्षा देने और बेहतर भविष्य गढ़ने की जिम्मेदारी थी, वही मदरसा शिक्षक 4 मासूम बच्चियों के अपहरण का आरोपी निकला। ...
Bihar Crime News: जिस शख्स पर बच्चों को शिक्षा देने और बेहतर भविष्य गढ़ने की जिम्मेदारी थी, वही 4 मासूम बच्चियों के अपहरण का आरोपी निकला। पूर्वी चंपारण के मोतिहारी में एक सनसनीखेज अपहरण कांड का पुलिस ने महज 36 घंटे के भीतर पर्दाफाश कर दिया। जिस शख्स पर बच्चों को शिक्षा देने और बेहतर भविष्य गढ़ने की जिम्मेदारी थी, वही मासूम बच्चियों के अपहरण का आरोपी निकला। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए चार नाबालिग बच्चियों को सकुशल बरामद कर लिया है, जबकि मुख्य आरोपी मदरसा शिक्षक को गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे पहुंचा दिया गया है।
यह मामला मोतिहारी के शिकारगंज थाना क्षेत्र के एक गांव का है, जहां से चार नाबालिग बच्चियों के अचानक लापता होने के बाद इलाके में हड़कंप मच गया था। परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने तत्काल मामला दर्ज किया और जांच का मोर्चा संभाल लिया। मामले की गंभीरता को देखते हुए सिकरहना डीएसपी के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई।
पुलिस ने वैज्ञानिक अनुसंधान, तकनीकी साक्ष्य और मोबाइल टावर लोकेशन की मदद से आरोपी तक पहुंचने का रास्ता तैयार किया। लगातार छापेमारी और निगरानी के बाद पुलिस ने आरोपी को दबोच लिया तथा उसके कब्जे से चारों बच्चियों को मुक्त करा लिया। इस कार्रवाई के बाद पुलिस की कार्यशैली की क्षेत्र में जमकर चर्चा हो रही है।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान करसाहिया निवासी मो. अशफाक के रूप में हुई है, जो उसी गांव के एक मदरसे में शिक्षक के तौर पर कार्यरत था। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी ने पढ़ाई के दौरान एक नाबालिग बच्ची को कथित रूप से अपने प्रेमजाल में फंसाया और बाद में तीन अन्य बच्चियों को भी साथ लेकर फरार हो गया। इसके बाद पूरे इलाके में बेचैनी और दहशत का माहौल बन गया था।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार आरोपी से गहन पूछताछ की जा रही है। जांच एजेंसियां यह भी पता लगाने में जुटी हैं कि इस वारदात के पीछे कोई बड़ा नेटवर्क या अन्य सहयोगी तो शामिल नहीं थे। फिलहाल चारों बच्चियां सुरक्षित हैं और उन्हें आवश्यक कानूनी प्रक्रिया के तहत परिजनों के सुपुर्द करने की कार्रवाई की जा रही है।
इस तेजतर्रार कार्रवाई ने एक बार फिर साबित कर दिया कि तकनीकी अनुसंधान और त्वरित पुलिसिंग के दम पर संगीन वारदातों का खुलासा कम समय में किया जा सकता है। वहीं इस घटना ने समाज को भी झकझोर दिया है, क्योंकि जिस शिक्षक पर भरोसा किया गया, उसी पर मासूमों को बहला-फुसलाकर ले जाने का गंभीर आरोप लगा है।
रिपोर्ट- हिमांशु कुमार