Crime News: बिहार के युवक को मुंबई ATS ने किया गिरफ्तार, जैश-ए-मोहम्मद से संपर्क का आरोप
Crime News: किशनगंज जिले से जुड़ा एक युवक मुंबई एंटी टेररिज्म स्क्वॉड की कार्रवाई के बाद चर्चा में है। ....
Crime News: किशनगंज जिले से जुड़ा एक युवक मुंबई एंटी टेररिज्म स्क्वॉड की कार्रवाई के बाद चर्चा में है। भारत-नेपाल सीमा से सटे किशनगंज के ठाकुरगंज थाना क्षेत्र स्थित भनकरद्वारी गांव के रहने वाले मोहम्मद हसन अबू सरमद अख्तर को मुंबई एटीएस ने गिरफ्तार किया है। उस पर प्रतिबंधित आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद से कथित संबंध रखने का आरोप है। हालांकि, मामले में आरोपी के खिलाफ लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि होना अभी बाकी है। गिरफ्तारी की खबर सामने आने के बाद गांव में चर्चा का माहौल है, वहीं आरोपी के परिजनों ने उसे साजिश के तहत फंसाए जाने की आशंका जताई है।
मोबाइल से संदिग्ध सामग्री मिलने का दावा
सूत्रों के मुताबिक, जांच के दौरान आरोपी के मोबाइल फोन से जैश-ए-मोहम्मद से जुड़ी सामग्री और संगठन के संस्थापक मसूद अजहर के ऑडियो क्लिप मिलने की बात सामने आई है। इस बरामदगी के आधार पर जांच एजेंसी आरोपी की ऑनलाइन गतिविधियों और कथित संपर्कों की पड़ताल कर रही है।मुंबई एटीएस की कालाचौकी यूनिट इस मामले की जांच में जुटी है। एजेंसी आरोपी के सोशल मीडिया अकाउंट, टेलीग्राम समूहों से जुड़ी गतिविधियों और मोबाइल फोन में मौजूद सामग्री की जांच कर रही है। जांचकर्ताओं का प्रयास है कि यह पता लगाया जा सके कि आरोपी किन लोगों के संपर्क में था, संदिग्ध सामग्री कहां से मिली और उसे साझा करने के पीछे क्या मकसद था।
दस वर्षों से मुंबई में रह रहा था आरोपी
आरोपी की भाभी आफरीन जहां के मुताबिक, 33 वर्षीय मोहम्मद हसन अबू सरमद अख्तर पिछले करीब दस वर्षों से मुंबई में रह रहा था। वहां वह माहिम इलाके में परफ्यूम और इत्र बेचने का कारोबार करता था। इसके अलावा वह रैपिडो बाइक टैक्सी भी चलाता था। परिजनों के अनुसार, वह करीब दो साल पहले अपने गांव आया था और कभी-कभी परिवार को आर्थिक मदद के तौर पर रुपये भी भेजता था।
परिवार की ओर से दी गई जानकारी के मुताबिक, आरोपी के छह भाई और तीन बहनें हैं। उसके तीन भाई दिल्ली में रहकर ठेकेदारी का काम करते हैं, जबकि एक भाई गांव में रहता है। आरोपी के पिता किसान हैं और इलाज कराने के सिलसिले में दिल्ली गए हुए हैं। गांव में उसकी मां और भाभी रहती हैं। परिजनों ने यह भी बताया कि आरोपी ने हिफ्ज-ए-कुरान की पढ़ाई की है।
परिजनों ने आरोपों को बताया गलत
गिरफ्तारी के बाद आरोपी के परिवार ने उस पर लगाए गए आरोपों को गलत बताया है। परिजनों ने आशंका जताई है कि उसे किसी साजिश के तहत फंसाया गया हो सकता है। आरोपी के भाई शबीह अनवर के मुताबिक, हसन मुंबई में अपना कारोबार करता था और इत्र बेचकर रोजी-रोटी कमाता था। फिलहाल मुंबई एटीएस आरोपी के मोबाइल फोन, सोशल मीडिया अकाउंट और टेलीग्राम गतिविधियों की बारीकी से जांच कर रही है। एजेंसी कथित संपर्कों और संदिग्ध सामग्री के स्रोत का पता लगाने में जुटी है। जांच के निष्कर्ष सामने आने के बाद ही मामले की पूरी तस्वीर स्पष्ट हो सकेगी।