भूमि विवाद में अंधाधुंध गोलीबारी : महिला समेत 4 घायल, गोली की आवाज सुन बुजुर्ग को आया हार्ट अटैक, मौत

वैशाली जिले के बिदुपुर थाना क्षेत्र के रहिमापुर गांव में वर्षों पुराने भूमि विवाद को लेकर दो पक्षों के बीच हुई भीषण गोलीबारी और मारपीट में एक महिला समेत चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। वहीं गोलीबारी से सदमें मेे आए एक बुजुर्ग की हार्ट अटैक से मोत

भूमि विवाद में अंधाधुंध गोलीबारी : महिला समेत 4 घायल, गोली क
अंधाधुंध गोलीबारी में महिला समेत 4 घायल- फोटो : रिषभ कुमार

Vaishali : जिले के बिदुपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत रहिमापुर गांव में वर्षों पुराने जमीनी विवाद को लेकर दो पक्षों के बीच भीषण गोलीबारी और मारपीट हुई। इस हिंसक झड़प में एक महिला सहित चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। वहीं, अचानक हुई ताबड़तोड़ फायरिंग की आवाज सुनकर सदमे में आए एक 65 वर्षीय बुजुर्ग की हार्ट अटैक से मौत हो गई। इस घटना के बाद पूरे गांव में कोहराम मच गया है और भारी तनाव व्याप्त है।


कोर्ट से डिग्री मिलने के बाद निर्माण कार्य के दौरान हमला

पीड़ित पक्ष के घायल डीलर तेज नारायण सिंह के अनुसार, दोनों परिवारों के बीच साल 1989 से यानी करीब 37 वर्षों से भूमि विवाद चल रहा है। छह महीने पहले ही न्यायालय (कोर्ट) से इस जमीन की डिग्री तेज नारायण सिंह के पक्ष में मिली थी। डिग्री मिलने के बाद उनका पुराना दलान गिर रहा था, जिसे वे मजदूर रखकर दोबारा बनवा रहे थे। इसी दौरान दूसरे पक्ष के अनिल कुमार (स्व. हरिनाथ सिंह के पुत्र) और मनीष कुमार अपने साथ करीब 50 हथियारबंद बदमाशों को लेकर वहां पहुंचे और हमला बोल दिया।


10 राउंड से अधिक फायरिंगमहिला को लगी गोली

आरोप है कि बदमाशों ने दरवाजे पर चढ़कर अंधाधुंध गोलीबारी शुरू कर दी और दलान को क्षतिग्रस्त कर दिया। इस दौरान करीब 10 राउंड से अधिक गोलियां चलीं। गोलीबारी में तेज नारायण सिंह की 45 वर्षीय पत्नी गीता देवी गोली लगने से गंभीर रूप से घायल हो गईं। इसके अलावा बदमाशों ने पिस्तौल की बट और लाठी-डंडों से पीटकर डीलर तेज नारायण सिंह और उनके भतीजे जयचन (सत्यनारायण सिंह के पुत्र) को भी लहुलुहान कर दिया। वहीं, दूसरे पक्ष से औद्योगिक क्षेत्र थाना के सुल्तानपुर निवासी शिव कुमार (पिता वीरेंद्र राय) को भी गोली लगी है।


गोली की आवाज से सहमे बुजुर्ग की थमी सांसें

गांव में अचानक हुई इस भीषण गोलीबारी और चीख-पुकार से अफरा-तफरी मच गई। गोलियों की तड़तड़ाहट सुनकर पड़ोस में रहने वाले स्व. जुलूमधारी सिंह के 65 वर्षीय पुत्र राजदेव सिंह गहरे सदमे में आ गए। गोली की आवाज के डर से उन्हें मौके पर ही दिल का दौरा (हार्ट अटैक) पड़ गया, जिससे उनकी मौत हो गई। बुजुर्ग की मौत की खबर से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।


घंटों बाद पहुंची पुलिसखोखा और कारतूस बरामद

घायल डीलर ने पुलिस प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि वारदात के दौरान बदमाश सरेआम चिल्ला रहे थे कि "पुलिस प्रशासन को तो हमने खरीद रखा है।" उन्होंने बताया कि घटना के वक्त पुलिस को कई बार फोन किया गया, लेकिन पुलिस करीब एक घंटे की देरी से मौके पर पहुंची। हालांकि, बाद में स्थानीय ग्रामीणों की मदद से सभी घायलों को आनन-फानन में हाजीपुर सदर अस्पताल लाया गया, जहां डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों द्वारा उनका इलाज किया जा रहा है। पुलिस ने घटनास्थल से 5 खोखा और 1 जिंदा कारतूस बरामद किया है।


रिषभ की रिपोर्ट