Bihar Crime: संजीव मिश्रा उर्फ पुट्टू मिश्रा की हत्याकांड का खुलासा, वर्चस्व की लड़ाई में हुई थी हत्या, अपराधी राजू खान-छोटे खान ने खोला राज

प्रभारी एसपी निर्मला कुमारी ने बताया कि पुट्टू मिश्रा की हत्या पूरी तरह से वर्चस्व की लड़ाई का नतीजा है। ...

Bettiah Puttu Mishra Murder Case Solved Rivalry Led Killing
पुट्टू मिश्रा की हत्याकांड का खुलासा- फोटो : reporter

Bihar Crime: पश्चिम चंपारण के बगहा पुलिस जिला अंतर्गत रामनगर थाना क्षेत्र का फुलकौल चौक सोमवार शाम उस वक्त गोलियों की तड़तड़ाहट से दहल उठा, जब वर्चस्व की लड़ाई ने खून का रंग ले लिया। चाय की दुकान पर बैठा कुख्यात अपराधी संजीव मिश्रा उर्फ पुट्टू मिश्रा अचानक गोलियों का निशाना बन गया और मौके पर ही उसकी मौत हो गई। पुलिस जांच में यह साफ हो गया है कि यह कोई अचानक हुई वारदात नहीं, बल्कि सुनियोजित गैंगवार था। करीब शाम 6:30 बजे पुट्टू मिश्रा अपने साथियों राजू खान और छोटे खान के साथ फुलकौल गांव में चाय पी रहा था, तभी बाइक सवार तीन हथियारबंद अपराधी वहां पहुंचे। बिना किसी चेतावनी के हमलावरों ने करीब चार से पांच फीट की दूरी से .32 एमएम पिस्तौल से ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी।

गोलियों की बौछार में पुट्टू मिश्रा वहीं ढेर हो गया, जबकि उसके साथी बाल-बाल बच गए। वारदात के बाद अपराधी हवा में चार राउंड फायरिंग करते हुए मौके से फरार हो गए, जिससे पूरे इलाके में दहशत फैल गई। घटना के बाद बगहा पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए राजू खान और छोटे खान को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की। पूछताछ में मिले इनपुट के आधार पर पुलिस ने तीनों शूटरों की पहचान कर ली है, हालांकि उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी जारी है।

प्रभारी एसपी निर्मला कुमारी ने वीडियो बयान जारी कर बताया कि यह हत्या पूरी तरह से वर्चस्व की लड़ाई का नतीजा है। जांच में यह भी सामने आया है कि पुट्टू मिश्रा ने हाल ही में फुलकौल गांव में करीब तीन बीघा जमीन खरीदी थी, जिसके बाद उसका इलाके में प्रभाव तेजी से बढ़ रहा था। इसी बढ़ते दबदबे को लेकर रंजिश गहराती चली गई और अंततः हत्या की साजिश रची गई। घटनास्थल से एफएसएल टीम ने .32 एमएम पिस्तौल के चार खोखे बरामद किए हैं, जो इस बात की पुष्टि करते हैं कि वारदात बेहद नजदीक से और प्रोफेशनल तरीके से अंजाम दी गई।

शव को पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंप दिया गया है। वहीं इलाके में तनाव और दहशत का माहौल है। पुलिस का कहना है कि शूटरों की जल्द गिरफ्तारी होगी और पूरे नेटवर्क को ध्वस्त किया जाएगा। इस हत्याकांड ने एक बार फिर साफ कर दिया है कि बिहार में गैंगवार की आग अभी पूरी तरह ठंडी नहीं हुई है और वर्चस्व की यह जंग लगातार खून मांग रही है।

रिपोर्ट- आशीष कुमार