Bihar News : आरा सासाराम रेलखंड पर टला बड़ा हादसा, रेल ओवरब्रिज से गिरा अनियंत्रित हाइवा, केबिन में फंसे ड्राईवर और खलासी
Bihar News : आरा सासाराम रेलखंड पर बड़ा हादसा टल गया. जहाँ अनियंत्रित हाइवा 50 फीट ऊँचे ओवरब्रिज से गिर गया. इस घटना में ड्राईवर और खलासी गाडी के केबिन में ही फंस गए......पढ़िए आगे
ARA : भोजपुर जिले के उदवंतनगर थाना क्षेत्र अंतर्गत सासाराम-आरा रेलखंड पर गुरुवार को एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। बेहरा ओवरब्रिज से गिट्टी लदा एक तेज रफ्तार हाइवा अनियंत्रित होकर करीब 50 फीट नीचे जा गिरा। यह हाइवा सीधे रेलवे ट्रैक के किनारे जाकर पलटा। गनीमत यह रही कि गाड़ी रेल की पटरियों पर नहीं गिरी, अन्यथा एक भीषण रेल दुर्घटना से इनकार नहीं किया जा सकता था। इस घटना के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी और सनसनी मच गई।
हादसे के तुरंत बाद स्थानीय ग्रामीण मौके पर जमा हो गए और बचाव कार्य शुरू किया। हाइवा के परखच्चे उड़ जाने के कारण चालक और उपचालक केबिन में ही फंस गए थे। ग्रामीणों ने काफी मशक्कत और सूझबूझ दिखाते हुए दोनों को सुरक्षित बाहर निकाला। घायल चालक और खलासी को गंभीर हालत में इलाज के लिए तुरंत आरा सदर अस्पताल भेजा गया है, जहाँ उनकी स्थिति नाजुक बनी हुई है।
तस्वीरों में हादसे की भयावहता साफ देखी जा सकती है कि किस तरह भारी-भरकम हाइवा पुल की ऊंचाई से सीधे गहरी खाई में जा गिरा। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि पुल के ऊपर से गिरते समय जोरदार आवाज हुई, जिससे लगा कि कोई बड़ा विस्फोट हुआ हो। मौके पर मौजूद लोगों का कहना है कि अगर उस वक्त पटरी से कोई ट्रेन गुजर रही होती या हाइवा ट्रैक पर गिरता, तो जान-माल का बड़ा नुकसान हो सकता था।
स्थानीय लोगों ने इस दुर्घटना के लिए प्रशासन और संबंधित विभाग की लापरवाही को जिम्मेदार ठहराया है। ग्रामीणों का आरोप है कि बेहरा ओवरब्रिज पर सुरक्षा के लिए कोई बैरिकेडिंग या रेलिंग नहीं लगाई गई है। साथ ही, पुल के ठीक नीचे बड़ा गड्ढा होने के कारण यहाँ आए दिन गाड़ियां अनियंत्रित होकर हादसे का शिकार हो रही हैं। पूर्व में भी यहाँ कई बार दुर्घटनाएं हो चुकी हैं, लेकिन शिकायतों के बावजूद स्थिति में सुधार नहीं किया गया।
इस हादसे के बाद एक बार फिर ओवरब्रिज की मरम्मत और सुरक्षा घेरा (बैरिकेडिंग) लगाने की मांग तेज हो गई है। आक्रोशित ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही इस जानलेवा पुल को ठीक नहीं किया गया, तो वे उग्र आंदोलन को विवश होंगे। फिलहाल, स्थानीय पुलिस मामले की जांच कर रही है और क्रेन की मदद से रेलवे ट्रैक के किनारे फंसे हाइवा को हटाने के प्रयास किए जा रहे हैं।
आशीष की रिपोर्ट