Bihar Crime: सीएस पर नर्स का आरोप, शिवहर सदर अस्पताल में प्रताड़ना और आत्महत्या की चेतावनी, प्रशासन हतप्रभ

Bihar Crime:सदर अस्पताल में ग्रेड ए की पदस्थ नर्स ने सिविल सर्जन पर गंभीर प्रताड़ना का आरोप लगाते हुए जिलाधिकारी से इंसाफ की गुहार लगाई है।

Shivhar Nurse alleges harassment
सीएस पर नर्स का गंभीर आरोप- फोटो : reporter

Bihar Crime: सदर अस्पताल में ग्रेड ए की पदस्थ नर्स ने सिविल सर्जन पर गंभीर प्रताड़ना का आरोप लगाते हुए जिलाधिकारी से इंसाफ की गुहार लगाई है। नर्स सुनीता पांडेय, जो उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जिले की गोविंदपुर कॉलोनी निवासी हैं, ने आवेदन में कहा है कि यदि उनका इंसाफ नहीं हुआ तो वह आत्महत्या करने या नौकरी छोड़ यूपी चली जाने की चेतावनी दे रही हैं।

सुनीता पांडेय ने आवेदन में बताया कि वह सदर अस्पताल के पोषण एवं पुनर्वास केंद्र में तैनात हैं और 28 फरवरी 2022 से सिविल सर्जन द्वारा आवंटित आवास में रह रही हैं। आरोप है कि 14 जनवरी को सीएस ने अपने कार्यालय में बुलाकर दो दिनों के भीतर आवास खाली करने की धमकी दी और चेतावनी दी कि न मानने पर पुलिस बुलाकर घर खाली कराया जाएगा।

सुनीता ने आगे बताया कि पहले जब उनका ऑपरेशन हुआ था, उस दौरान भी सीएस ने अवकाश नहीं दिया और उल्टे न्यायालय के औषधालय में प्रतिनियुक्ति कर दिया। वहीं, पिछले पांच माह से उनका मानदेय रोक रखा गया है, जिससे वे मानसिक और आर्थिक तौर पर अत्यंत परेशान हैं।

सिविल सर्जन डॉ. दीपक कुमार ने नर्स के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि उन्होंने ऐसा कोई कार्य नहीं किया और सभी कार्रवाई विभागीय निर्देशों के अनुसार ही होती है।

इस मामले में समाजसेवी और पूर्व विधानसभा प्रत्याशी अनीष झा ने नर्स सुनीता से मुलाकात कर भरोसा दिलाया कि उनके साथ न्याय होगा। उन्होंने जिलाधिकारी से मामले की जांच कराने और नर्स को सुरक्षा के साथ इंसाफ दिलाने की मांग की।

यह मामला अस्पताल प्रशासन और सिविल सर्जन की कार्यशैली पर सवाल खड़ा कर रहा है। नर्स के गंभीर आरोप और आत्महत्या की चेतावनी ने स्थानीय प्रशासन में हलचल मचा दी है। अब सबकी निगाहें डीएम और जांच टीम पर लगी हैं कि यह विवाद किस तरह शांत होगा और न्याय की ढाल कब तक काम करेगी।

इस पूरे प्रकरण ने अस्पताल में कार्यरत कर्मचारियों और संविदा कर्मियों की सुरक्षा और अधिकारों की संवेदनशीलता को भी उजागर कर दिया है।

रिपोर्ट- मनोज कुमार