Kosi Graduate Poll:कोसी स्नातक चुनाव- डॉ. एनके यादव को 24258 वोट, जीत के कोटे से 7 943 मत दूर

Kosi Graduate Poll:कोसी स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव की मतगणना में भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशी डॉ. एनके यादव बढ़त बनाए हुए हैं। ...

Kosi Graduate Poll NK Yadav Needs 7 943 Votes to Win
डॉ. एनके यादव आगे- फोटो : X

Kosi Graduate Poll:कोसी स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव की मतगणना में भारतीय जनता पार्टी  के प्रत्याशी डॉ. एनके यादव बढ़त बनाए हुए हैं। प्रथम वरीयता के मतों की गिनती के 11वें राउंड के पूरा होने के बाद उनके खाते में कुल 24,258 मत आए हैं। हालांकि, जीत के निर्धारित कोटे तक पहुंचने के लिए उन्हें अभी 7,943 मतों की दरकार है। मतगणना के मौजूदा आंकड़ों के बाद चुनावी मुकाबले को लेकर सियासी हलकों में हलचल तेज है और सभी की निगाहें अगले चरण की गणना पर टिकी हैं।

अब तक की मतगणना में राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के प्रत्याशी नितेश यादव को 18,918 मत मिले हैं। वहीं, जन सुराज के प्रत्याशी रजनीश रंजन के पक्ष में 15,536 मत पड़े हैं। उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक, डॉ. एनके यादव अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी नितेश यादव से 5,340 मतों से आगे चल रहे हैं। दूसरी ओर, जन सुराज प्रत्याशी रजनीश रंजन भी मुकाबले में अपनी स्थिति बनाए हुए हैं।

मतगणना के दौरान कुल 64,401 वैध मतों के आधार पर जीत का कोटा 32,201 निर्धारित किया गया है। इस कोटे को हासिल करने के लिए डॉ. एनके यादव को अभी 7,943 और मतों की जरूरत है। स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव में वरीयता के आधार पर मतों की गिनती की जाती है। ऐसे में प्रथम वरीयता के मतों की गणना पूरी होने के बाद दूसरी वरीयता के मतों की अहमियत बढ़ जाती है।

दूसरी वरीयता के मतों पर टिकी निगाहें

प्रथम वरीयता के मतों के रुझान सामने आने के बाद अब दूसरे वरीयता के मतों की गिनती को लेकर प्रत्याशियों और उनके समर्थकों में उत्सुकता बनी हुई है। दूसरी वरीयता के मतों की गणना से यह स्पष्ट होगा कि जीत के निर्धारित कोटे तक कौन प्रत्याशी पहुंच पाता है। यदि प्रथम वरीयता के मतों से किसी प्रत्याशी को जीत के लिए जरूरी कोटा नहीं मिलता है, तो निर्धारित निर्वाचन प्रक्रिया के अनुसार आगे की गणना निर्णायक साबित हो सकती है।

फिलहाल, 11वें राउंड के बाद डॉ. एनके यादव सबसे आगे हैं, लेकिन अंतिम नतीजे के लिए मतगणना की पूरी प्रक्रिया संपन्न होने का इंतजार करना होगा। निर्वाचन पदाधिकारी की ओर से आधिकारिक परिणाम घोषित किए जाने के बाद ही जीत की तस्वीर पूरी तरह साफ होगी।

रिपोर्ट- अंकित कुमार