Bihar Weather: बिहार में इस दिन से फिर करवट लेगा मौसम, 50km की रफ्तार से चलेंगी धूल भरी हवाएं

Bihar Weather: बिहार में मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल गया है। आसमान में छाई काली घटाओं के साथ आई तेज आंधी और ओलावृष्टि से तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है। हालाँकि कतरा अभी टला नहीं है....

Bihar Weather: बिहार में इस दिन से फिर करवट लेगा मौसम, 50km
करवट लेगा मौसम - फोटो : SOCIAL MEDIA

PATNA : बिहार में बीते शुक्रवार को आए भीषण आंधी-तूफान और ओलावृष्टि ने उत्तर से दक्षिण बिहार तक जनजीवन को पूरी तरह अस्त-व्यस्त कर दिया है। सीमांचल और कोसी क्षेत्र में कुदरत का सबसे रौद्र रूप देखने को मिला, जहाँ 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चली हवाओं ने भारी तबाही मचाई। अररिया, किशनगंज, पूर्णिया और कटिहार जैसे जिलों में सैकड़ों पेड़ उखड़ गए, कई घरों की छतें उड़ गईं और दीवारें गिरने से जान-माल का काफी नुकसान हुआ है। खेतों में खड़ी फसलें बर्बाद होने से किसानों को भी बड़ा आर्थिक झटका लगा है।

मौसम विभाग के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार, शनिवार से हवाओं की रफ्तार में कमी आई है और मौसम धीरे-धीरे सामान्य हो रहा है। पटना मौसम विज्ञान केंद्र ने बताया है कि 23 से 25 मार्च तक अगले तीन दिनों तक आसमान साफ रहने की संभावना है। इस अवधि के दौरान राज्य के अधिकतम तापमान में 3 से 4 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की जा सकती है, जिससे लोगों को तेज गर्मी का सामना करना पड़ेगा। हालांकि, पिछले 24 घंटों में हुई बारिश के कारण फिलहाल तापमान में गिरावट दर्ज की गई है, जिससे गर्मी से फौरी राहत मिली है।

राहत के बीच मौसम विभाग ने एक बार फिर चेतावनी जारी की है कि खतरा अभी पूरी तरह टला नहीं है। 26 मार्च से उत्तर-पश्चिमी भारत में एक नया पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) सक्रिय होने जा रहा है, जिसका सीधा असर बिहार के मौसम पर पड़ेगा। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, 26 और 27 मार्च को राज्य के कई हिस्सों में फिर से आंधी, तेज बारिश और वज्रपात की आशंका है। विभाग ने इस स्थिति को देखते हुए राज्य के विभिन्न जिलों के लिए 'येलो अलर्ट' जारी कर दिया है।

पूर्वानुमान के मुताबिक, 26 मार्च को विशेष रूप से उत्तर बिहार, कोसी सीमांचल और पूर्वी बिहार के जिलों में मौसम खराब रहेगा। अगले दिन, यानी 27 मार्च को इसका प्रभाव पूरे बिहार में देखने को मिल सकता है, जहाँ हवाओं की रफ्तार 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुँचने का अनुमान है। इस दौरान लोगों को बिजली कड़कने और ओलावृष्टि के प्रति सचेत रहने की सलाह दी गई है। रविवार को भी नेपाल से सटे तराई वाले इलाकों में हल्की बारिश और तेज हवाएं चलने की संभावना बनी हुई है।

बीते 24 घंटों के आंकड़ों पर गौर करें तो समस्तीपुर, बेगूसराय और कटिहार जैसे जिलों में भारी वर्षा दर्ज की गई है, जबकि राज्य के अन्य हिस्सों में हल्की से मध्यम स्तर की बारिश हुई। प्रशासन ने प्रभावित जिलों में हुए नुकसान का आकलन शुरू कर दिया है। मौसम विभाग ने किसानों और आम नागरिकों को सलाह दी है कि वे मौसम की पल-पल की जानकारी लेते रहें और खराब मौसम के दौरान ऊंचे पेड़ों या बिजली के खंभों के नीचे शरण लेने से बचें।