सांसद-विधायक दिल्ली में मस्त, मुंगेर के मछुआरे त्रस्त; एसपी की चौखट पर मुकेश सहनी का महा-ऐलान

गंगा नदी में मछली पकड़ने के विवाद और मछुआरों के उत्पीड़न को लेकर वीआईपी (VIP) पार्टी के प्रमुख मुकेश सहनी ने कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने एसपी कार्यालय पहुँचकर मछुआरों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की।

सांसद-विधायक दिल्ली में मस्त, मुंगेर के मछुआरे त्रस्त; एसपी

Munger -बिहार के मुंगेर में गंगा नदी पर दबंगों के वर्चस्व के कारण मछुआरों की आजीविका पर संकट खड़ा हो गया है। वीआईपी पार्टी के प्रमुख मुकेश सहनी ने बुधवार को मुंगेर एसपी के दरबार में हाजिरी लगाई और पीड़ित मछुआरों के हक में आवाज बुलंद की।

दबंगों का बोलबाला, मछुआरों से वसूली जा रही रंगदारी

मुकेश सहनी ने आरोप लगाया कि लालू प्रसाद यादव की सरकार के समय गंगा को मछुआरों के लिए फ्री कर दिया गया था, ताकि गरीब समाज अपनी आजीविका चला सके। लेकिन अब दबंगों द्वारा अवैध रूप से मछली मारने, मछुआरों को डराने-धमकाने और हफ्ता (रंगदारी) वसूलने के मामले बढ़ रहे हैं। विशेष रूप से हेमजापुर थाना क्षेत्र में मछुआरों को गंगा से दूर किया जा रहा है।

सत्ता के संरक्षण में चल रहा खेल

सहनी ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि मुंगेर के कुछ बड़े नेताओं के संरक्षण में दबंग लोग गरीबों का हक मार रहे हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि यहां के सांसद और विधायक, जिनकी पहुंच दिल्ली तक है, वे इन गरीब मछुआरों की समस्याएं नहीं सुन रहे हैं। इसी कारण उन्हें खुद मुंगेर आकर एसपी को आवेदन देना पड़ा है।

एसपी से सुरक्षा और कार्रवाई की मांग

मुकेश सहनी ने मुंगेर एसपी सैयद इमरान मसूद से मुलाकात कर मछुआरों की समस्याओं से अवगत कराया। उन्होंने मांग की कि गंगा को दबंगों के अतिक्रमण से मुक्त कराया जाए और मछुआरों को सुरक्षा प्रदान की जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर प्रशासन ने जल्द कदम नहीं उठाए तो इसके खिलाफ बड़ा आंदोलन किया जाएगा।

पुलिस प्रशासन ने दिया कार्रवाई का आश्वासन

इस मामले पर मुंगेर एसपी सैयद इमरान मसूद ने कहा कि पुलिस को विवाद की जानकारी पहले से थी। मामले की जांच के लिए अंचलाधिकारी के नेतृत्व में एक टीम घटनास्थल पर भेजी गई थी। एसपी ने भरोसा दिलाया कि जांच रिपोर्ट के आधार पर दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

एहतियातन कदम उठाए गए

एसपी ने यह भी जानकारी दी कि फिलहाल स्थिति को नियंत्रण में रखने के लिए पुलिस द्वारा कई प्रिवेंटिव एक्शन (निरोधक कार्रवाई) लिए गए हैं। दोनों पक्षों को कानून हाथ में न लेने की चेतावनी दी गई है ताकि क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनी रहे और मछुआरा समाज बिना किसी डर के अपना काम कर सके।

रिपोर्ट - मो. इम्तियाज खान