Bihar School News: शिक्षा के मंदिर में एक हाथ में पिस्टल, दूसरे में सिंगरेट, सरकारी स्कूल में तमंचे पर जमकर हुआ डिस्को

Bihar School News:विद्यालय ने साबित कर दिया है किताबी ज्ञान से ज्यादा जरूरी फिल्मी ठुमके और असलहों का प्रदर्शन है।....

मधुबनी स्कूल
शिक्षा का मंदिर या तमंचा और ठुमका बार?- फोटो : social Media

Bihar School News: वाह रे हमारी शिक्षा व्यवस्था! जिस सरकारी स्कूल को कभी ज्ञान का मंदिर और भविष्य गढ़ने की पाठशाला कहा जाता था, वह अब कला और संस्कृति के नए आयाम गढ़ रहा है। मधुबनी के कलुआही प्रखंड स्थित हरपुर गौरी दास टोल के विद्यालय ने साबित कर दिया है किताबी ज्ञान से ज्यादा जरूरी फिल्मी ठुमके और असलहों का प्रदर्शन है। कृष्ण जन्माष्टमी के पावन अवसर पर भगवान कृष्ण की लीलाओं की जगह,स्कूल के प्रांगण में तमंचे पर डिस्को का भव्य आयोजन हुआ। अब इसे शिक्षा विभाग की आधुनिक सोच कहें या अंधी मेहरबानी, जहाँ बच्चों को ककहरा सिखाने की बजाय हाथों में पिस्टल थमाने और सिगरेट के छल्ले उड़ाने की तालीम दी जा रही है।

डांसर महोदया ने काले चश्मे और सिगरेट के साथ हाथ में पिस्टल लहराकर बता दिया कि विद्या के इन परिसरों में अब पढ़ाई कम और भौकाल ज्यादा टाइट होता है। भला हो सोशल मीडिया का, जो ऐसे शैक्षणिक नवाचार समय-समय पर उजागर कर देता है। वरना हमारे जिम्मेदार अधिकारियों को तो शायद यह भ्रम ही रहता कि स्कूल में बच्चे पढ़ रहे हैं या रंगदारी के गुर सीख रहे हैं। अब वीडियो वायरल होने के बाद शिक्षा विभाग के गलियारों में हड़कंप मचा है, मानो उन्हें पहली बार पता चला हो कि मंदिरनुमा स्कूलों में आर्केस्ट्रा भी चल सकते हैं।

जांच के फरमान जारी हो चुके हैं, और हर बार की तरह दोषियों पर सख्त कार्रवाई का झुनझुना भी बजाया जाएगा। लेकिन सवाल यह है कि इस तमाशे की इजाजत देने वाले साहबान नींद से कब जागेंगे? 

जब शिक्षा के इन पवित्र परिसरों में ज्ञान के दीप बुझ जाएंगे और फूहड़ता की आग पूरी व्यवस्था को भस्म कर देगी? तब तक के लिए आप भी लुत्फ उठाइए, क्योंकि हमारे यहाँ शिक्षा के गिरते स्तर का इससे बेहतरीन मनोरंजन और क्या हो सकता है!