Gaya land dispute: जमीन कब्जाने और मारपीट के आरोप में पूर्व विधायक प्रत्याशी भगत यादव गिरफ्तार, बेटा को तलाश रही पुलिस
Gaya land dispute: गया के डोभी में जमीन कब्जे, मारपीट और गाली-गलौज के आरोप में पूर्व विधायक प्रत्याशी सुरेंद्र कुमार सुमन उर्फ भगत यादव गिरफ्तार हुए हैं। जानें पूरा मामला।
Gaya land dispute: गया जिले के डोभी थाना क्षेत्र में जमीन पर जबरन कब्जा करने, मारपीट और गाली-गलौज के आरोप में पुलिस ने प्रॉपर्टी डीलर सह पूर्व विधायक प्रत्याशी सुरेंद्र कुमार सुमन उर्फ भगत यादव को डोभी थाना की पुलिस ने गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी गया स्थित उसके आवास से हुई है। इस केस में उसका बेटा आर्यन कुमार उर्फ मोनू यादव समेत अन्य आरोपी फिलहाल फरार बताए जा रहे हैं। हालांकि भगत यादव की गिरफ्तारी की पुष्टि ग्रामीण एसपी दिव्यांजली ने की है।
मामला डोभी थाना क्षेत्र के बजौरा गांव से जुड़ा है। जहां पीड़ित पक्ष की ओर से करीब 15 दिन पहले भगत यादव, उनके बेटे और अन्य लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी। प्राथमिकी में जमीन पर जबरन कब्जा करने के प्रयास, गाली-गलौज और मारपीट का आरोप लगाया गया है। पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज होने के बाद मामले की जांच शुरू कर दी थी।
पीड़ित पक्ष का आवेदन
पीड़ित पक्ष के आवेदन की माने तो बजौरा गांव में भुदान यज्ञ समिति की ओर से खाता संख्या 576 और प्लॉट संख्या 2142 में करीब एक एकड़ 50 डिसमिल जमीन का पर्चा उनके पिता एवं ससुर डोमर मांझी के नाम से जारी किया गया था। पीड़ित पक्ष का दावा है कि वे लंबे समय से उक्त जमीन पर खेती करते हैं और जमीन दखल-कब्जे में हैं और जमीन की रसीद भी कटती रही है।
आरोप है कि उक्त जमीन से सटे प्लॉट संख्या 2141 पर भगत यादव और उनके बेटे का ईंट प्लांट संचालित होता है। पीड़ित पक्ष का आवेदन के अनुसार कहना है कि ईंट प्लांट की सामग्री उनकी जमीन पर रखी जा रही थी। आवेदन में जमीन पर पत्थर और अन्य निर्माण सामग्री भी गिराए जाने का आरोप लगाया गया है। पीड़ित कई बार सामग्री हटाने और जमीन खाली करने के लिए कहे जाने के बावजूद जब स्थिति नहीं बदली तो 13 जुलाई को पीड़ित पक्ष के लोग जमीन से ईंट और अन्य सामान हटाने के लिए मौके पर पहुंचे।
पीड़ित पक्ष का क्या कहना है?
पीड़ित पक्ष के अनुसार इसी दौरान भगत यादव, उनके बेटे और तीन-चार अन्य लोग वहां पहुंचे। आरोप है कि उन्होंने गाली-गलौज करते हुए मारपीट की। पीड़ितों ने पुलिस को दिए आवेदन में खुद को महादलित परिवार का बताते हुए जमीन पर जबरन कब्जा करने का प्रयास किए जाने का आरोप लगाया। पीड़ित पक्ष ने पुलिस से आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई करने के साथ जमीन को कब्जामुक्त कराने की मांग की थी। प्राथमिकी दर्ज होने के बाद पुलिस आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही थी।
गुप्त सूचना पर हुई गिरफ्तारी
पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि भगत यादव गया स्थित अपने आवास पर मौजूद हैं। सूचना के आधार पर डोभी पुलिस की टीम ने वहां छापेमारी कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के मुताबिक मामले में फरार चल रहे अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए भी अन्य ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है।
राजनीतिक गतिविधियों से भी जुड़ा रहा है परिवार
भगत यादव प्रॉपर्टी डीलिंग के कारोबार से जुड़े रहे हैं। उनके परिवार का स्थानीय राजनीति में भी प्रभाव बताया जाता है। उनकी पत्नी सुनीता देवी डोभी की प्रखंड प्रमुख हैं। भगत यादव स्वयं भी निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ चुके हैं। इससे पहले भी उनके नाम जमीन विवाद और कब्जे से जुड़े आरोप सामने आने की बात कही जाती रही है
गया जी रिपोर्ट प्रेमशंकर