दाखिल-खारिज में लापरवाही पर नपे सीओ और राजस्व कर्मचारी, डीएम के आदेश पर विभागीय कार्रवाई शुरू

भूमि सुधार और राजस्व मामलों के निष्पादन में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ गया जिला प्रशासन ने सख्त रुख अपना लिया है। डीएम ने सीओ और राजस्व कर्मचारी के विरुद्ध म्यूटेशन के वादों के निपटारे में बरती गई शिथिलता के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है

दाखिल-खारिज में लापरवाही पर नपे  सीओ और राजस्व कर्मचारी, डीए
डीएम का बड़ा एक्शन- फोटो : मनोज कुमार

Gayaji : जिले में भूमि सुधार और दाखिल-खारिज (म्यूटेशन) के मामलों में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ जिला प्रशासन ने सख्त रुख अख्तियार कर लिया है। गया के जिलाधिकारी (DM) शशांक शुभंकर ने मानपुर के अंचल अधिकारी (CO) और राजस्व कर्मचारी प्रहलाद कुमार के विरुद्ध दाखिल-खारिज वादों के निष्पादन में गंभीर शिथिलता बरतने के मामले में बड़ी कार्रवाई की है। भूमि सुधार उप समाहर्ता (DCLR) सदर द्वारा की गई विस्तृत जांच में इन दोनों अधिकारियों के खिलाफ लगाए गए लापरवाही और कार्य के प्रति उदासीनता के आरोप पूरी तरह सही पाए गए हैं।


24 घंटे के भीतर मांगा गया था स्पष्टीकरण

जिलाधिकारी शशांक शुभंकर ने बताया कि डीसीएलआर की जांच रिपोर्ट में दोषी पाए जाने के बाद अंचल अधिकारी मानपुर और राजस्व कर्मचारी प्रहलाद कुमार को कारण बताओ (शो-कॉज) नोटिस जारी किया गया था। जिला प्रशासन की ओर से दोनों ही कर्मियों से इन गंभीर आरोपों पर २४ घंटे के भीतर अपना स्पष्टीकरण दर्ज कराने का कड़ा निर्देश दिया गया था। तय समय सीमा के भीतर दोनों अधिकारियों द्वारा सौंपे गए जवाब की समीक्षा वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा की गई।


संतोषजनक नहीं मिला जवाब, शुरू होगी विभागीय कार्रवाई

जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि अंचल अधिकारी और राजस्व कर्मचारी प्रहलाद कुमार द्वारा दाखिल किया गया स्पष्टीकरण का जवाब कतई संतोषजनक नहीं पाया गया। उन्होंने अपने जवाब में कार्य में देरी और लापरवाही को लेकर कोई ठोस या वैधानिक तर्क प्रस्तुत नहीं किया। जवाब से असंतुष्ट होकर जिलाधिकारी ने अब इन दोनों दोषी अधिकारियों के विरुद्ध विधिवत विभागीय एवं अनुशासनात्मक कार्रवाई (Disciplinary Action) प्रारंभ करने का आदेश जारी कर दिया है, जिससे अंचल कर्मियों में हड़कंप है।


लापरवाही और अनियमितता बर्दाश्त नहीं: जिलाधिकारी

इस कड़े कदम के साथ जिलाधिकारी ने जिले के सभी अंचल अधिकारियों और राजस्व कर्मियों को कड़ा संदेश जारी किया है। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि आम जनता से जुड़े राजस्व मामलों, विशेषकर दाखिल-खारिज के निष्पादन में किसी भी प्रकार की शिथिलता, लापरवाही या अनियमितता को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सरकार की मंशा के अनुरूप आम रैयतों और नागरिकों के कार्यों का समयबद्ध निपटारा करना हर अधिकारी का मुख्य दायित्व है और इसमें कोताही बरतने वालों के विरुद्ध विधि-सम्मत सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।


आम जनता को राहत दिलाने की प्रशासनिक कवायद

गौरतलब है कि गया जिले के विभिन्न अंचलों से लगातार दाखिल-खारिज आवेदनों को अकारण लंबित रखने या खारिज करने की शिकायतें जिला प्रशासन को मिल रही थीं। मानपुर अंचल के इन दो मुख्य कड़ियों पर हुई इस दंडात्मक कार्रवाई से जिला प्रशासन ने यह साफ कर दिया है कि आम जनता को दफ्तरों के चक्कर कटवाने वाले बाबुओं और अफसरों की अब खैर नहीं है। इस कार्रवाई का उद्देश्य जिले की राजस्व व्यवस्था में पारदर्शिता लाना और आम नागरिकों को समय पर उनकी भूमि से जुड़े अधिकार दिलाना है।


मनोज कुमार की रिपोर्ट