Bihar Crime : भागलपुर में खनन माफिया के बड़े सिंडिकेट का पुलिस ने किया भंडाफोड़, 7 को किया गिरफ्तार, व्हाट्सएप ग्रुप से ट्रैक करते थे अफसरों की लोकेशन
Bihar Crime : भागलपुर में पुलिस और विभाग के अधिकारियों ने सिंडिकेट का पर्दाफाश किया है. इस दौरान पुलिस ने 7 लोगों को गिरफ्तार किया है.......पढ़िए आगे
BHAGALPUR : जिले के पीरपैंती थाना क्षेत्र में अवैध खनन के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत खनन विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक संगठित खनन माफिया गिरोह का पर्दाफाश किया है। इस कार्रवाई में कुल 7 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया है। साथ ही उनके पास से भारी मात्रा में नकद राशि, मोबाइल फोन और दो चार पहिया वाहन जब्त किए गए हैं। प्राप्त जानकारी के अनुसार, 03 अप्रैल 2026 की रात अवैध खनिज लदे वाहनों की जांच के लिए भागलपुर से खनन छापामारी दल पीरपैंती के लिए रवाना हुआ था। थाना क्षेत्र में प्रवेश के दौरान रात्रि करीब 12:05 बजे एक सफेद स्कॉर्पियो पर सवार कुछ संदिग्ध लोग जांच दल के वाहन का पीछा करते हुए उनकी गतिविधियों पर नजर रखते पाए गए।
संदेह के आधार पर पुलिस उपाधीक्षक (पीरपैंती) को सूचना दी गई। तत्पश्चात रात करीब 12:25 बजे उक्त वाहन को रोककर उसमें सवार लोगों से पूछताछ की गई। इस दौरान शुभम कुमार, बजरंगी भगत, नितिश कुमार एवं धर्मदेव कुमार पंडित को गिरफ्तार किया गया। तलाशी के दौरान इनके पास से मोबाइल फोन और ₹60,000 नकद बरामद किए गए। मोबाइल फोन की जांच में खुलासा हुआ कि ये सभी आरोपी खनन विभाग और पुलिस की गतिविधियों की जानकारी जुटाकर अवैध खनिज लदे वाहनों को सुरक्षित पार कराने का काम करते थे। इसके बदले वाहन मालिकों और चालकों से अवैध वसूली की जाती थी। इसके बाद जांच दल ने मिर्जाचौकी सीमा के पास दूसरी कार्रवाई की। यहां एक सफेद टोयोटा कार में सवार कुछ लोग संदिग्ध अवस्था में घूमते मिले। पुलिस को देखते ही वे भागने लगे, लेकिन तत्परता दिखाते हुए तीन आरोपियों—चंदन कुमार यादव, नंद जी यादव और मो. अहमद रजा—को गिरफ्तार कर लिया गया, जबकि एक आरोपी मौके से फरार हो गया।
इनके पास से ₹77,500 नकद और मोबाइल फोन बरामद किए गए। जांच में “Super Top 10 Owner” नामक व्हाट्सऐप ग्रुप का खुलासा हुआ, जिसके माध्यम से खनन और पुलिस अधिकारियों की लोकेशन साझा कर अवैध खनन में लगे वाहनों को जांच से बचाया जाता था। प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया है कि यह गिरोह पूरी तरह संगठित सिंडिकेट के रूप में कार्य कर रहा था, जो मोबाइल के माध्यम से अवैध वसूली, लेन-देन और हिसाब-किताब संचालित करता था। इस गतिविधि से न केवल सरकारी कार्रवाई प्रभावित हो रही थी, बल्कि राजस्व को भी भारी नुकसान पहुंच रहा था।
पूरी कार्रवाई के दौरान 2 चारपहिया वाहन, 8 मोबाइल फोन और कुल ₹1,37,500 नकद जब्त किए गए हैं। गिरफ्तार अभियुक्तों में शामिल चंदन कुमार यादव, जो व्हाट्सऐप ग्रुप का एडमिन बताया जा रहा है, के खिलाफ पहले भी खनन छापामारी दल पर हमला और मारपीट का मामला दर्ज है। इस संबंध में पीरपैंती थाना में कांड संख्या 145/26 के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है। कार्रवाई में पुलिस उपाधीक्षक पंकज कुमार, खान निरीक्षक मिथुन कुमार एवं अपूर्व सिंह की अहम भूमिका रही। वहीं पीरपैंती थाना प्रभारी पंकज कुमार राउत भी टीम के साथ मौजूद रहे। पुलिस द्वारा सभी गिरफ्तार अभियुक्तों के खिलाफ संगठित अपराध सहित विभिन्न धाराओं में विधिसम्मत कार्रवाई की जा रही है।
बालमुकुन्द की रिपोर्ट