नक्सलियों का 'काल' बनी पुलिस: 1 करोड़ का इनामी अनल दा समेत 16 ढेर, सारंडा के जंगल में महामुठभेड़
झारखंड के सारंडा जंगल में सुरक्षाबलों और नक्सलियों के बीच हुई भीषण मुठभेड़ में 1 करोड़ के इनामी नक्सली अनल उर्फ पतिराम मांझी समेत 16 नक्सलियों को मार गिराया गया है।
Ranchi - पश्चिमी सिंहभूम जिले के छोटानागरा थाना क्षेत्र में गुरुवार की सुबह सुरक्षाबलों और नक्सलियों के बीच भीषण मुठभेड़ हुई। सीआरपीएफ (CRPF) और झारखंड पुलिस के संयुक्त ऑपरेशन में सुरक्षाबलों ने माओवादी संगठन के सेंट्रल कमेटी मेंबर और एक करोड़ के इनामी नक्सली अनल उर्फ पतिराम मांझी सहित 16 नक्सलियों को मार गिराया है। डीआईजी अनुरंजन किस्पोट्टा ने इस सफल मुठभेड़ की पुष्टि की है।
गुप्त सूचना पर शुरू हुआ ज्वाइंट ऑपरेशन
पुलिस को सारंडा के जंगली इलाकों में नक्सलियों की मौजूदगी की सटीक सूचना मिली थी। इसी आधार पर कोबरा (CoBRA), झारखंड जगुआर और जिला पुलिस की एक संयुक्त टीम ने सर्च ऑपरेशन शुरू किया। खुद को घिरा देख नक्सलियों ने अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी, जिसके जवाब में सुरक्षाबलों ने मोर्चा संभालते हुए जवाबी कार्रवाई की। यह मुठभेड़ काफी देर तक चली, जिसमें सुरक्षाबलों को भारी पड़ता देख कई नक्सली भाग खड़े हुए।
कौन था अनल दा?
मारे गए नक्सलियों में मुख्य नाम अनल उर्फ पतिराम मांझी का है। वह माओवादी संगठन का सेंट्रल कमेटी मेंबर था और उस पर 1 करोड़ रुपये का इनाम घोषित था। वह लंबे समय से नक्सली हिंसा और आतंकी गतिविधियों का नेतृत्व कर रहा था। पुलिस के अनुसार, दो दिन पहले ही सीआरपीएफ के डीजी की मौजूदगी में हुई बैठक में नक्सलियों के खिलाफ अभियान तेज करने का निर्देश दिया गया था।
गृह मंत्री अमित शाह ने दी बधाई
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने इस बड़ी सफलता को 'नक्सलमुक्त भारत अभियान' की दिशा में एक ऐतिहासिक उपलब्धि करार दिया है। उन्होंने कहा कि दशकों से हिंसा फैलाने वाला नक्सलवाद अब अपने अंतिम दौर में है। सारंडा और कोल्हान के इस दुर्गम इलाके में मिसिर बेसरा और अनमोल जैसे कई अन्य बड़े नक्सलियों की तलाश में सुरक्षाबलों का सघन अभियान अब भी जारी है।