Bihar School News:स्कूल बना सूना मैदान, शिक्षक ट्रेनिंग में, 400 बच्चों की पढ़ाई ठप,बिना छुट्टी बंद रहा विद्यालय
Bihar School News: बिना किसी आधिकारिक ऐलान के स्कूल बंद रहा, जिससे करीब 400 बच्चों की पढ़ाई पर ब्रेक लग गया। वजह बनी शिक्षकों की सामूहिक अनुपस्थिति, जो जनगणना प्रशक्षण में शामिल होने गए थे।
Bihar School News:बिहार के खगड़िया जिले से शिक्षा व्यवस्था की हकीकत बयां करती एक चौंकाने वाली तस्वीर सामने आई है। माधवपुर पंचायत के मध्य विद्यालय मुरादपुर में सोमवार को बिना किसी आधिकारिक ऐलान के स्कूल बंद रहा, जिससे करीब 400 बच्चों की पढ़ाई पर ब्रेक लग गया। वजह बनी शिक्षकों की सामूहिक अनुपस्थिति, जो जनगणना प्रशक्षण में शामिल होने गए थे।
सुबह 6:30 बजे खुलने वाले इस विद्यालय का गेट सुबह 8 बजे तक बंद रहा। जब स्थानीय लोगों और अभिभावकों ने जानकारी ली, तो पता चला कि कुल 10 शिक्षकों में से 8 शिक्षक प्रशिक्षण में गए हुए हैं। ऐसे में पूरे स्कूल की जिम्मेदारी केवल प्रधानाध्यापक सतीश चन्द्र झा के कंधों पर आ गई।
प्रधानाध्यापक ने हालात की मजबूरी बताते हुए कहा कि सीमित संसाधनों और अकेले होने के कारण सैकड़ों बच्चों को संभालना मुमकिन नहीं था। लिहाजा बच्चों को वापस भेजना पड़ा। हैरानी की बात यह रही कि विद्यालय बंद होने की सूचना विभाग को भी नहीं दी गई जिससे प्रशासनिक लापरवाही पर सवाल उठने लगे हैं।
मामला यहीं खत्म नहीं होता। पहले से ही इस स्कूल में आधारभूत सुविधाओं का अभाव है। भवन निर्माण अधूरा है, सिर्फ दो कमरों में सैकड़ों बच्चों को ठूंस-ठूंसकर पढ़ाया जाता है, जबकि कई छात्र खुले आसमान के नीचे तालीम लेने को मजबूर हैं। सोमवार को तो हालात और बदतर दिखे विद्यालय परिसर में खाली कमरों में बकरियां घूमती नजर आईं, जो शिक्षा तंत्र की बदहाली का जीता-जागता सबूत बन गई।
स्थानीय ग्रामीणों में इस घटना को लेकर गहरा आक्रोश है। उनका कहना है कि एक तरफ सरकार शिक्षा सुधार के बड़े-बड़े दावे करती है, वहीं जमीनी हकीकत पूरी तरह अलग है। लोगों ने शिक्षा विभाग से मांग की है कि जल्द ठोस कदम उठाए जाएं, ताकि बच्चों का भविष्य यूं ही लापरवाही की भेंट न चढ़े।यह घटना न सिर्फ प्रशासनिक चूक को उजागर करती है, बल्कि यह भी सवाल खड़ा करती है कि क्या व्यवस्था इतनी कमजोर हो चुकी है कि कुछ शिक्षकों के प्रशिक्षण में जाने से पूरा स्कूल ठप हो जाए?
खगड़िया से अमित की रिपोर्ट