Gazwa-e-Hind Module Busted: बिहार, महाराष्ट्र और ओडिशा से आतंकी साजिश रचने वाले 4 गिरफ्तार
दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने महाराष्ट्र, ओडिशा और बिहार से 4 कट्टरपंथी युवाओं को गिरफ्तार किया है। ये आरोपी ग़ज़वा-ए-हिंद की साजिश रच रहे थे और IED बनाने के सामान के साथ पकड़े गए हैं। लाल किले की रेकी का भी खुलासा हुआ है।
दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल (NDR) की टीम ने इंस्पेक्टर विनय पाल और मनोज कुमार के नेतृत्व में महाराष्ट्र, ओडिशा और बिहार में छापेमारी कर चार कट्टरपंथी युवाओं को गिरफ्तार किया है। ACP आशीष कुमार की देखरेख में हुई इस कार्रवाई ने एक बड़े आतंकी मॉड्यूल का भंडाफोड़ किया है। गिरफ्तार आरोपियों के पास से रिमोट-कंट्रोल IED (विस्फोटक) बनाने का सामान, मोबाइल डिवाइस और कई संदिग्ध दस्तावेज बरामद किए गए हैं। इन सभी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 के तहत मामला दर्ज किया गया है।
'ग़ज़वा-ए-हिंद' की साजिश और लाल किले की रेकी
पकड़े गए आरोपियों की सोच बेहद खतरनाक थी। इनका मानना था कि खुरासान से एक 'लश्कर' (सेना) निकलेगी जो भारतीय उपमहाद्वीप में खिलाफत कायम करेगी। इस मॉड्यूल के सदस्य एन्क्रिप्टेड सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर गुप्त ग्रुप बनाकर युवाओं को रेडिकलाइज़ कर रहे थे। जांच में खुलासा हुआ है कि आरोपी शेख इमरान ने दिसंबर 2025 में दिल्ली के लाल किले, संसद भवन और इंडिया गेट जैसे संवेदनशील स्थानों की रेकी की थी। उसने लाल किले की फोटो के ऊपर काले झंडे की तस्वीर लगाकर सोशल मीडिया पर पोस्ट की थी, जो उनकी मंशा को साफ बयां करती है।
क्राउड फंडिंग और हथियार ट्रेनिंग का जाल
यह मॉड्यूल केवल विचारधारा तक सीमित नहीं था, बल्कि जमीन पर हमले की तैयारी कर रहा था। बिहार के कटिहार का रहने वाला मोहम्मद सोहेल सोशल मीडिया पर 'जिहाद' के नाम पर चंदा इकट्ठा करने के लिए अपना QR कोड और बैंक डिटेल्स साझा कर रहा था। वहीं, ओडिशा का शेख इमरान सदस्यों को हथियार चलाने और घुड़सवारी की ट्रेनिंग देने का वादा कर रहा था। मॉड्यूल के सदस्य रिमोट-कंट्रोल्ड टॉय कार के सर्किट का इस्तेमाल कर IED बनाने की प्रक्रिया में थे, ताकि भीड़भाड़ वाले इलाकों को निशाना बनाया जा सके।
गिरफ्तार आरोपियों की प्रोफाइल:
मोसैब अहमद उर्फ सोनू (महाराष्ट्र): मूल रूप से आजमगढ़ का रहने वाला यह आरोपी पेशे से ऑटो मैकेनिक है। इसने IED असेंबल करने के लिए तकनीकी मदद मुहैया कराई।
मोहम्मद हम्माद (महाराष्ट्र): मुंबई का रहने वाला यह आरोपी 12वीं का छात्र है। इसने IED के लिए बॉल बेयरिंग, कीलें और रिमोट सर्किट जैसे सामान इकट्ठा किए थे।
शेख इमरान (ओडिशा): भुवनेश्वर का रहने वाला यह आरोपी सुरक्षा गार्ड रहा है। इसने दिल्ली में महत्वपूर्ण ठिकानों की रेकी की और मॉड्यूल के लिए ट्रेनिंग का जिम्मा लिया था।
मोहम्मद सोहेल (बिहार): कटिहार का रहने वाला यह प्लंबर सोशल मीडिया पर युवाओं को भड़काने और आतंकी गतिविधियों के लिए क्राउड फंडिंग जुटाने का काम कर रहा था।