Bihar Crime: बिहार में बदमाशों ने दो ठेकेदारों पर की गोलियों की बारिश, खोखा बरामद, CCTV से अपराधियों की पहचान में जुटी पुलिस

Bihar Crime:बिहार में सरकार रोज अपराध नियंत्रण का दावा करते हैं , स्थिति इसके ठीक उलट नजर आती है।...

Muzaffarpur Gangsters open fire on contractor
अपराधियों ने ठेकेदारों पर ताबड़तोड़ बरसाई गोलियां- फोटो : reporter

Bihar Crime:बिहार में सरकार रोज अपराध नियंत्रण का दावा करते हैं , स्थिति इसके ठीक उलट नजर आती है।बदमाश सूबे में रोज कहीं न कहीं सरकार और पुलिस प्रशासन के दावों की धज्जी उड़ा हीं दे रहे हैं। ताजा मामला मुजफ्फरपुर के सकरा थाना क्षेत्र का है जहांं एक बार फिर अपराधियों ने कानून की धज्जियां उड़ाई। बाइक पर सवार दो बेखौफ बदमाशों ने सीढ़ी घाट का काम करा कर लौट रहे दो ठेकेदारों पर ताबड़तोड़ गोली चला दी। गनीमत रही कि ठेकेदार अशोक कुमार मिश्र और राजीव कुमार बाल-बाल बच गए, वरना यह वारदात किसी बड़े हादसे में बदल सकती थी।

मामला मुरौल प्रखंड के विश्वकर्मा चौक के समीप का है। बताया जाता है कि मंगलवार की शाम अशोक कुमार मिश्र (मुसहरी थाना क्षेत्र) और राजीव कुमार (करजा थाना क्षेत्र) अपने सीढ़ी घाट निर्माण कार्य से लौट रहे थे। तभी पीछे से आए बाइक सवार दो अपराधियों ने लगभग तीन राउंड गोली ठेकेदारों पर दाग दी। परंतु तेज होश और मौके से निकल जाने की काबिलियत के कारण दोनों सुरक्षित रहे।

दोनों ठेकेदारों ने बुधवार को सकरा थाना में इस सनसनीखेज वारदात का आवेदन दर्ज कराया। पुलिस ने मौके पर पहुंच कर दो गोली के खोखे बरामद कर मामले की गंभीरता को साबित कर दिया। ठेकेदार राजीव कुमार ने बताया कि उनकी देखरेख में बूढ़ी गंडक नदी के किनारे रैनी घाट और ढोली कॉलेज में सीढ़ी घाट निर्माण का काम चल रहा था। इसी दौरान बाइक सवार अपराधियों ने अचानक हमला कर दिया।

सकरा थाना प्रभारी ने पुष्टि की कि मामले की जांच शुरू कर दी गई है और आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज के आधार पर अपराधियों की पहचान की जा रही है। उन्होंने कहा कि इस तरह की वारदात न केवल कानून के लिए चुनौती है बल्कि ठेकेदारों और स्थानीय व्यवसायियों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल उठाती है।

मुजफ्फरपुर में इस तरह की बेशर्मी और बेखौफ अपराध ने प्रशासन की लापरवाही पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। जहां आम लोग अपने काम-काज के लिए घंटों अधिकारियों के चक्कर काटते हैं, वही अपराधी मिनटों में वारदात को अंजाम दे देते हैं। पुलिस की तेज़ कार्रवाई और खोखे बरामदगी के बावजूद अब सवाल यह है क्या बाइक सवार अपराधियों की इस बेइंतहा हिम्मत का अंत होगा या यह सिलसिला चलता रहेगा?

रिपोर्ट- मणिभूषण शर्मा