सीएम सम्राट ने लोकनायक जयप्रकाश नारायण को अर्पित की श्रद्धांजलि, लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा का संघर्ष किया याद
Bihar News : संपूर्ण क्रांति दिवस के अवसर पर पटना के गांधी मैदान स्थित लोकनायक जयप्रकाश नारायण की प्रतिमा स्थल पर राजकीय समारोह का आयोजन किया गया। इस मौके पर बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने लोकनायक जयप्रकाश नारायण की आदमकद प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके आदर्शों को याद किया। उन्होंने कहा कि लोकनायक जयप्रकाश नारायण ने देश में संपूर्ण क्रांति के आंदोलन को नई दिशा दी और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए आजीवन संघर्ष किया।
उन्होंने कहा कि जेपी की विचारधारा आज भी उतनी ही प्रासंगिक है, जितनी उनके जीवनकाल में थी। लोकतांत्रिक चेतना, पारदर्शिता, जवाबदेही और जनकल्याण के जिन मूल्यों के लिए उन्होंने संघर्ष किया, वे आज भी राष्ट्र निर्माण की आधारशिला हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि संपूर्ण क्रांति केवल एक राजनीतिक आंदोलन नहीं था, बल्कि सामाजिक न्याय, जनभागीदारी और लोकतांत्रिक मूल्यों को मजबूत करने का एक व्यापक विचार था। जेपी ने अपने त्याग, संघर्ष, सत्यनिष्ठा और लोकहित के प्रति समर्पण से करोड़ों देशवासियों को प्रेरित किया। उनका जीवन राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखने और जनसशक्तिकरण के लिए निरंतर संघर्ष करने का अद्वितीय उदाहरण है।
समारोह में मौजूद नेताओं और अधिकारियों ने भी लोकनायक जयप्रकाश नारायण को श्रद्धासुमन अर्पित किए। कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, ग्रामीण विकास मंत्री श्रवण कुमार, भवन निर्माण मंत्री लेसी सिंह, राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री डॉ. दिलीप कुमार जायसवाल, सहकारिता मंत्री रामकृपाल यादव, योजना एवं विकास मंत्री भगवान सिंह कुशवाहा, अनुसूचित जाति एवं जनजाति कल्याण मंत्री लवकुश कुमार, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री शीला कुमारी, परिवहन मंत्री दामोदर रावत, गन्ना उद्योग मंत्री संजय कुमार समेत कई मंत्री और जनप्रतिनिधि शामिल हुए।
इसके अलावा विधान परिषद के सदस्य, वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी, पटना प्रमंडल के आयुक्त, जिलाधिकारी, वरीय पुलिस अधीक्षक तथा बड़ी संख्या में सामाजिक और राजनीतिक कार्यकर्ताओं ने भी लोकनायक जयप्रकाश नारायण की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।
संपूर्ण क्रांति दिवस के अवसर पर आयोजित इस समारोह में जेपी के विचारों और उनके संघर्षों को याद करते हुए लोकतांत्रिक मूल्यों को मजबूत बनाने का संकल्प भी दोहराया गया