Bihar Weather: फरवरी में ही गर्मी ने छुड़ाए पसीने, अब ठंड का लौटना संभव नहीं, कई जिलों में लू जैसे हालात

Bihar Weather: बिहार में फरवरी में ही लोगों को भीषण गर्मी का एहसास हो रहा है। मई-जून जैसे हालात देखने को मिल रहे हैं। मौसम विभाग की मानें तो अब ठंड के लौटने की संभावनाएं नहीं है। ठंड की विदाई हो चुकी है।

बिहार मौसम
अभी और बढ़ेगा तापमान !- फोटो : social media

Bihar Weather:  बिहार के मौसम में बदलाव देखने को मिल रहा है। गर्मी अब अपने चरम पर पहुंच रही है। फरवरी में ही मई-जून जैसा महसूस हो रहा है। 21 फरवरी को मौसम विज्ञान केंद्र की ओर से जारी ताज़ा रिपोर्ट में साफ हुआ है कि राज्य के विभिन्न हिस्सों में तापमान वृद्धि की रफ्तार समान नहीं है। खासकर पटना, गया और पूर्णिया के आंकड़ों की तुलना करने पर बड़ा अंतर सामने आया है।

रात के तापमान में पूर्वी बिहार आगे

पिछले 24 घंटों के आंकड़ों पर नजर डालें तो रात के तापमान यानी न्यूनतम तापमान में सबसे अधिक बढ़ोतरी पूर्वी बिहार में दर्ज की गई। पूर्णिया में न्यूनतम तापमान 19.1°C रहा, जो एक दिन में करीब 4°C बढ़ा। गया में यह 17.6°C दर्ज किया गया, जहां 3.6°C की वृद्धि हुई। वहीं पटना में रात का तापमान 18.7°C रहा, लेकिन यहां बढ़ोतरी महज 1.3°C तक सीमित रही। नालंदा में 6.5°C और किशनगंज में 6.4°C की उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई। कुल मिलाकर राज्य में न्यूनतम तापमान 13.5°C से 21.2°C के बीच रिकॉर्ड किया गया। आंकड़े बताते हैं कि दक्षिण बिहार की तुलना में पूर्वी हिस्सों में रात का पारा तेजी से चढ़ रहा है।

तापमान में उतार-चढाव जारी 

मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में किसी बड़े बदलाव की संभावना नहीं है, हालांकि हल्का उतार-चढ़ाव जारी रहेगा। ताज़ा रुझान संकेत दे रहे हैं कि पूर्वी बिहार, खासकर सीमांचल क्षेत्र में गर्मी की दस्तक सबसे पहले और तेज हो सकती है, जबकि मध्य और दक्षिण बिहार में बदलाव की रफ्तार अपेक्षाकृत धीमी बनी हुई है।

गर्मी का रौद्र रुप 

बता दें कि,  बिहार में इस साल फरवरी के महीने में ही गर्मी ने अपना रौद्र रूप दिखाना शुरू कर दिया है। सीमांचल के फारबिसगंज में तापमान सामान्य से काफी ऊपर चला गया है, जिससे यह राज्य का सबसे गर्म स्थान बन गया है। इसके साथ ही पूर्णिया और नालंदा में भी पारा तेजी से चढ़ा है। राजधानी पटना और गया में भी सुबह से ही तेज धूप का असर देखा जा रहा है। मौसम विभाग के अनुसार, पश्चिमी विक्षोभ की कमी और शुष्क हवाओं के कारण तापमान में यह उछाल आया है, जिससे लोगों को फरवरी में ही मई-जून जैसी गर्मी का अहसास हो रहा है।