Bihar Crime : गोपालगंज पुलिस ने 26 दिन बाद लूटकांड का किया खुलासा, 3 नाबालिग समेत 5 आरोपियों को किया गिरफ्तार
Bihar Crime : गोपालगंज पुलिस ने घटना के 26 दिनों बाद लूटकांड का खुलासा किया है. इस मामले में पुलिस ने 3 नाबालिग सहित पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है.........पढ़िए आगे
GOPALGANJ : जिले के उचकागांव थाना क्षेत्र के दहीभाता पुल के समीप 26 दिन पूर्व हुई लूट की वारदात का पुलिस ने सफलतापूर्वक खुलासा किया है। इस मामले में पुलिस ने तीन नाबालिग समेत कुल पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। लूट के दौरान बदमाशों ने बाइक सवार युवक पर हमला कर मोबाइल, एटीएम और नगदी लूट ली थी। पुलिस ने तकनीकी और मानवीय साक्ष्यों के आधार पर इस पूरे कांड का पर्दाफाश किया है।
मामला गोपालगंज जिले के उचकागांव थाना क्षेत्र स्थित दहीभाता पुल का है, जहां बीते 24 फरवरी की रात एक युवक से लूट की वारदात को अंजाम दिया गया था। पीड़ित इशराफिल अली, जो थावे थाना क्षेत्र के कबिलासपुर गांव के रहने वाले हैं, अपने मामा के घर सांखे जा रहे थे। जैसे ही वे दहीभाता पुल के समीप पहुंचे, पहले से घात लगाए बदमाशों ने उनकी बाइक रोकने की कोशिश की। लेकिन जब युवक ने बाइक नहीं रोकी, तो बदमाशों ने लाठी से हमला कर दिया, जिससे वह घायल होकर मौके पर गिर पड़ा। इसके बाद अपराधियों ने उनके पास से मोबाइल, एटीएम, करीब 12 सो रुपये नगद और अन्य सामान लूट लिया और मौके से फरार हो गए।
घटना के बाद पीड़ित के बयान पर अज्ञात अपराधियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई। हथुआ एसडीपीओ आनंद मोहन गुप्ता ने बताया कि बीते “24 फरवरी को दहीभाता नहर के पास एक युवक से मोबाइल और नगदी की लूट हुई थी। सूचना मिलते ही एसपी विनय तिवारी के निर्देश पर टीम गठित की गई। उचकागांव थानाध्यक्ष धर्मेंद्र कुमार ने तकनीकी और मानवीय साक्ष्यों के आधार पर पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जिसमें कुछ विधि-विरुद्ध बालक भी शामिल हैं। लूटे गए दोनों मोबाइल बरामद कर लिए गए हैं। आगे की कार्रवाई जारी है।” उचकागांव थानाध्यक्ष धर्मेंद्र कुमार के नेतृत्व में पुलिस की टीम ने लगातार छापेमारी और जांच के बाद आरोपियों की पहचान की। गिरफ्तार आरोपियों में दहीभाता गांव के अफसर अली और मोहन कुमार उर्फ प्रियांशु कुमार राय समेत तीन विधि-विरुद्ध बालक शामिल हैं।
पुलिस ने आरोपियों के पास से लूटे गए दो मोबाइल फोन भी बरामद कर लिए हैं। पूछताछ में खुलासा हुआ है कि आरोपियों ने मोबाइल को व्यक्तिगत इस्तेमाल के लिए लूटा था। फिलहाल पुलिस आरोपियों के आपराधिक इतिहास को खंगाल रही है और पूरे नेटवर्क की जांच में जुटी है। दहीभाता पुल लूट कांड के खुलासे के साथ ही पुलिस ने एक बार फिर अपराधियों को सख्त संदेश दिया है कि अपराध के बाद बच पाना मुश्किल है। फिलहाल सभी गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।
नमो नारायण की रिपोर्ट