सोशल मीडिया की रील नहीं, हमें चाहिए रियल रेल - बिहटा-औरंगाबाद परियोजना के लिए औरंगाबाद से पटना की ओर बढ़े कदम

औरंगाबाद–बिहटा रेल लाइन परियोजना के निर्माण में तेजी लाने और इसके लिए जमीन अधिग्रहण शुरू करने की मांग को लेकर सामाजिक कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों ने पदयात्रा शुरू की है. यह पदयात्रा आज पालीगंज पहुंची, जहाँ स्थानीय लोगों ने इसका स्वागत किया

सोशल मीडिया की रील नहीं, हमें चाहिए रियल रेल - बिहटा-औरंगाबा

Aurangabad - औरंगाबाद–बिहटा रेल लाइन परियोजना के लिए भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया को शीघ्र शुरू करने की मांग अब तेज हो गई है。 इसी उद्देश्य के साथ औरंगाबाद से प्रारंभ हुई पदयात्रा शुक्रवार को पालीगंज पहुंची。 इस पदयात्रा का नेतृत्व अरवल के सामाजिक-राजनीतिक कार्यकर्ता और रेल आंदोलन से जुड़े मनोज यादव व उनके अन्य साथी कर रहे है। 

विधायक डॉ. संदीप सौरभ ने जताया समर्थन 

पालीगंज पहुंचने पर स्थानीय विधायक डॉ. संदीप सौरभ ने पदयात्रियों का गर्मजोशी से अभिवादन किया और इस मांग को अपना पूर्ण समर्थन दिया。 विधायक ने इस परियोजना के महत्व पर जोर देते हुए कहा कि औरंगाबाद–बिहटा रेल लाइन पूरे क्षेत्र के सामाजिक-आर्थिक विकास और रोजगार सृजन के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है。 उन्होंने स्पष्ट किया कि इस जनहितकारी परियोजना के लिए संघर्ष जारी रहेगा और सरकार पर भूमि अधिग्रहण शुरू करने के लिए निरंतर दबाव बनाया जाएगा。

लंबे समय से लंबित है परियोजना 

इस अवसर पर रेल आंदोलन से जुड़े जवाहर प्रसाद गुप्ता ने भी अपनी बात रखी。 उन्होंने कहा कि वर्षों से लंबित इस रेल परियोजना को लेकर क्षेत्र की जनता में भारी उम्मीदें हैं, लेकिन अब तक शासन की ओर से कोई ठोस पहल नहीं की गई है。 पदयात्रा के माध्यम से सरकार का ध्यान इस ओर आकर्षित करने का प्रयास किया जा रहा है ताकि निर्माण कार्य की दिशा में शीघ्र कदम उठाए जा सकें。

अगला पड़ाव पटना की ओर 

पालीगंज में विश्राम और जनसंवाद के बाद यह पदयात्रा अब पटना की ओर प्रस्थान करेगी。 पदयात्रियों का लक्ष्य राज्य और केंद्र सरकार तक अपनी आवाज पहुंचाना है ताकि इस महत्वपूर्ण रेल परियोजना पर तत्काल निर्णय लिया जा सके और भूमि अधिग्रहण का कार्य धरातल पर शुरू हो सके