औरंगाबाद को सीएम नीतीश की बड़ी सौगात: देव में बनेगा मेडिकल कॉलेज और रिंग रोड, जनसभा में गिनाईं सरकार की उपलब्धियां
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने औरंगाबाद में 'समृद्धि यात्रा' के दौरान जिले को बड़ी सौगातें दीं। उन्होंने देव में मेडिकल कॉलेज और रिंग रोड के निर्माण की घोषणा की, साथ ही राज्य में चल रही शिक्षक बहाली और महिला सशक्तिकरण की योजनाओं का रिपोर्ट कार्ड पेश किय
Aurangabad - मुख्यमंत्री नीतीश कुमार शुक्रवार को औरंगाबाद पहुंचे, जहां उन्होंने अपनी 'प्रगति यात्रा' के तहत जिले में चल रही विभिन्न विकास योजनाओं की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने देव में एक नए मेडिकल कॉलेज के निर्माण की महत्वपूर्ण घोषणा की। सीएम ने बताया कि इसके लिए 33.77 एकड़ जमीन चिन्हित कर ली गई है और सरकार ने 429 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत की है। यह अस्पताल 100 सीट और 430 बेड का होगा, जिससे जिले वासियों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिलेंगी। इसके अलावा, देव में 142.24 करोड़ रुपये की लागत से करीब 13 किमी लंबी रिंग रोड का निर्माण भी किया जाएगा।
शिक्षकों की बहाली और नियोजित शिक्षकों को सरकारी दर्जा
औरंगाबाद में एक विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए नीतीश कुमार ने शिक्षा के क्षेत्र में अपनी सरकार की उपलब्धियों को रेखांकित किया। उन्होंने बताया कि 2006 से अब तक बहाल हुए 3 लाख 68 हजार नियोजित शिक्षकों को मामूली परीक्षा लेकर सरकारी शिक्षक का दर्जा दिया जा रहा है। उन्होंने गर्व से कहा कि बीपीएससी के माध्यम से रिकॉर्ड समय में 2 लाख 66 हजार शिक्षकों की बहाली हो चुकी है और जल्द ही 45 हजार नए पदों पर भर्ती की जाएगी, जिससे राज्य में सरकारी शिक्षकों की कुल संख्या 5 लाख 24 हजार के पार पहुँच जाएगी।
महिला सशक्तिकरण और 50% आरक्षण की पहल
सीएम ने महिलाओं के उत्थान के लिए उठाए गए कदमों पर विशेष जोर दिया। उन्होंने याद दिलाया कि उनकी सरकार ने ही 2006 में पंचायती राज और 2007 में नगर निकायों में महिलाओं को 50 प्रतिशत आरक्षण देने का ऐतिहासिक फैसला किया था। इसके अलावा, बिहार पुलिस में 35 प्रतिशत आरक्षण मिलने से आज बिहार देश में महिला पुलिसकर्मियों की सबसे अधिक संख्या वाला राज्य बन गया है। उन्होंने विपक्ष पर तंज कसते हुए कहा कि पहले की सरकारों ने केवल अपनी पत्नी को मुख्यमंत्री बनाया, लेकिन आम महिलाओं के लिए कुछ नहीं किया।
जाति आधारित गणना और आर्थिक सहायता का ब्लूप्रिंट
मुख्यमंत्री ने 2023 में कराई गई जाति आधारित गणना का उल्लेख करते हुए कहा कि इससे राज्य के विकास के लिए सटीक आंकड़े मिले हैं। गणना के आधार पर 94 लाख गरीब परिवारों की पहचान की गई है, जिन्हें रोजगार के लिए 2-2 लाख रुपये की एकमुश्त आर्थिक सहायता दी जा रही है। उन्होंने बताया कि अब तक 83 लाख 20 हजार परिवारों को विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ मिल चुका है और शेष बचे परिवारों को भी अगले महीने तक सहायता राशि उपलब्ध करा दी जाएगी।
स्वास्थ्य और बुनियादी ढांचे में सुधार का दावा
स्वास्थ्य व्यवस्था में हुए बदलावों का जिक्र करते हुए सीएम ने कहा कि 2006 से पहले प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों (PHC) में महीने में औसतन केवल 39 मरीज आते थे, लेकिन आज हर पीएचसी में हजारों मरीजों का मुफ्त इलाज और दवा मिल रही है। उन्होंने सड़कों के जाल, निर्बाध बिजली आपूर्ति, और पुराने मंदिरों व कब्रिस्तानों की घेराबंदी जैसे कार्यों को भी अपनी सरकार की प्राथमिकताओं में गिनाया। उन्होंने औरंगाबाद की जनता के समर्थन के लिए आभार व्यक्त किया और विकास की गति को बनाए रखने के लिए सरकार का साथ देने की अपील की।
Report - Dinanath mauaar